श्री अष्टविनायक समिति के सभी सदस्यों ने विधि-विधान से किया गणपति विसर्जन, 10 दिनों तक चला पूजा-अर्चना और भंडारा
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श्री अष्टविनायक गणेश उत्सव समिति ढोंढीपारा अध्यक्ष आशीष राठौर उपाध्यक्ष - विधान साहू सदस्य _ प्रदीप, अमन,सुमित, रिकेश , शुभम, रूपेश, संजीव, निमेश,शिवम्, विवेक, नैतिक, निलेश, मारुति, पंकज, सूर्यकांत, विकाश, अंदाज,इरफान,
श्री अष्टविनायक समिति द्वारा गणेश उत्सव के दौरान भगवान गणेश की प्रतिमा स्थापित कर प्रतिदिन विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई। दस दिनों तक चले इस धार्मिक आयोजन में सुबह-शाम भगवान गणेश की आरती की गई। समिति के सदस्यों और श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश की पूजा कर सुख, समृद्धि और शांति की कामना की। गणेश उत्सव के दौरान वार्ड में धार्मिक वातावरण बना रहा और श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक आयोजन में भाग लिया।
गणेश उत्सव के समापन अवसर पर श्री अष्टविनायक समिति द्वारा भंडारे का आयोजन भी किया गया। इसमें ढोढी़पारा वार्ड सहित आसपास के श्रद्धालुओं ने बड़ी संख्या में पहुंचकर प्रसाद ग्रहण किया। भंडारे में श्रद्धालुओं के लिए प्रसाद की व्यवस्था की गई थी। आयोजन में समिति के सदस्यों एवं सहयोगियों ने व्यवस्थाओं में सक्रिय भूमिका निभाई।
इसके बाद भगवान गणेश की प्रतिमा को विसर्जन के लिए श्रद्धा और उत्साह के साथ ले जाया गया। इस दौरान श्रद्धालु गणपति बप्पा मोरया के जयकारे लगाते हुए नजर आए। भक्तिमय माहौल के बीच भगवान गणेश की प्रतिमा का विधि-विधान से विसर्जन किया गया। श्रद्धालुओं ने अगले वर्ष पुनः भगवान गणेश के आगमन की कामना करते हुए विघ्नहर्ता को भावपूर्ण विदाई दी।
श्री अष्टविनायक समिति द्वारा आयोजित गणेश उत्सव में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक सहभागिता भी देखने को मिली। दस दिनों तक चले इस आयोजन में श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया और गणेश उत्सव को भक्तिभाव के साथ मनाया।
गणेश उत्सव के समापन अवसर पर श्री अष्टविनायक समिति द्वारा भंडारे का आयोजन भी किया गया। इसमें ढोढी़पारा वार्ड सहित आसपास के श्रद्धालुओं ने बड़ी संख्या में पहुंचकर प्रसाद ग्रहण किया। भंडारे में श्रद्धालुओं के लिए प्रसाद की व्यवस्था की गई थी। आयोजन में समिति के सदस्यों एवं सहयोगियों ने व्यवस्थाओं में सक्रिय भूमिका निभाई।
इसके बाद भगवान गणेश की प्रतिमा को विसर्जन के लिए श्रद्धा और उत्साह के साथ ले जाया गया। इस दौरान श्रद्धालु गणपति बप्पा मोरया के जयकारे लगाते हुए नजर आए। भक्तिमय माहौल के बीच भगवान गणेश की प्रतिमा का विधि-विधान से विसर्जन किया गया। श्रद्धालुओं ने अगले वर्ष पुनः भगवान गणेश के आगमन की कामना करते हुए विघ्नहर्ता को भावपूर्ण विदाई दी।
श्री अष्टविनायक समिति द्वारा आयोजित गणेश उत्सव में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक सहभागिता भी देखने को मिली। दस दिनों तक चले इस आयोजन में श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया और गणेश उत्सव को भक्तिभाव के साथ मनाया।