🔥 TRENDING Patkar Meets Vijai in Fatorda, Hinting... BITS Pilani Goa Researchers Create Pha... સુરેન્દ્રનગરના બોડીયા ગામમાં સ્વયંભૂ બ... AAP chief Kejriwal pledges to ban E20... NCM Choir to Hold Special Worship Conc... Four Nagaland Sepaktakraw Players Set...
25 Aug 2026
ગુજરાતી मराठी ਪੰਜਾਬੀ বাংলা

सेल्फी के चक्कर में खतरे को न्योता वाटर फॉल में फंसे युवकों को निकाला

✍️ Reporter: Vishwanath Pratap Singh 🗓 25 Aug 2026, 06:52 PM 👁 5
Share: 💬 WhatsApp 📘 Facebook 𝕏 Post

देवपहरी के गोविंदझुंझा जलप्रपात में सेल्फी के चक्कर में तीन युवक भारी बारिश के बीच न केवल फंसे बल्कि 15 घंटे तक अपने आपको बचाने के लिए प्रार्थना करते रहे।

देवपहरी के गोविंदझुंझा जलप्रपात में सेल्फी के चक्कर में तीन युवक भारी बारिश के बीच न केवल फंसे बल्कि 15 घंटे तक अपने आपको बचाने के लिए प्रार्थना करते रहे। बारिश के सिलसिले में यहां गजब की स्थिति निर्मित हुई और युवकों की जान जोखिम में फंस गई। अच्छा ये रहा कि मोबाइल कनेक्टिविटी होने पर उन्होंने आपदा प्रबंधन से संपर्क साधा। आखिरकार उन्हें मौके से सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया गया।
फंसे युवकों की पहचान गुरमा श्यांग निवासी धनेश्वर सारथी, घनश्याम महंत और सूरज सारथी के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, सोमवार शाम तीनों युवक देवपहरी जलप्रपात घूमने पहुंचे थे। फोटो खींचने के लिए वे जलप्रपात के मध्य तक चले गए। इसी दौरान अचानक नदी का जलस्तर बढ़ गया और पानी का बहाव तेज हो गया। पानी का बहाव बढऩे के कारण वापस लौटने का रास्ता डूब गया और तीनों युवक नदी के बीच एक सुरक्षित स्थान पर फंस गए। अंधेरा होने के चलते रात में रेस्क्यू अभियान चलाना संभव नहीं था। ऐसे में तीनों युवकों ने झरने के बीच सुरक्षित स्थान पर रात बिताई। इस दौरान उन्होंने वीडियो कॉल के जरिए रेस्क्यू टीम से संपर्क बनाए रखा और अपनी स्थिति की जानकारी दी। लंबे समय तक भूखे-प्यासे रहने के कारण युवकों की हालत खराब बताई गई, हालांकि तीनों सुरक्षित रहे। मंगलवार सुबह नदी का जलस्तर और पानी का बहाव कुछ कम हुआ। इसके बाद पुलिस और एसडीआरएफ की टीम ने मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू अभियान शुरू किया। टीम ने बेहद सावधानी के साथ आगे बढ़ते हुए तीनों युवकों तक पहुंच बनाई और उन्हें सुरक्षित बाहर निकाल लिया। रेस्क्यू के बाद तीनों युवकों ने राहत की सांस ली।
लगातार की जा रही सुरक्षा की अनदेखी
देवपहरी के जलप्रपात में जोखिम वाले स्थानों पर चेतावनियां लिखी गई है और पर्यटकों को यहां नहीं जाने के लिए कहा गया है। इसके बावजूद कई मौके पर लोग उपेक्षा करते हैं और जानबूझकर यहां जाने की कोशिश करते हैं। मौके पर कई मौत हो चुकी है और कुछ लोगों को बचाने का प्रयास किया गया है। सवाल इस बात का है कि जब प्रशासन और पुलिस के द्वारा सुरक्षा के लिहाज से यहां प्राथमिक दायित्व निभाया गया है तो इस जगह पर आने वाले लोग इसके उपेक्षा करते क्यों हैं। स्वाभाविक है जब लापरवाही की जाएगी तब नतीजे भी ऐसे ही आएंगे।
📲Get App