📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / SAMARTH052000
यात्रा
नैनीताल – उत्तराखंड की ग्रीष्म राजधानी, जगरन जोश ने बताया
✍️ Jagran Josh
🗓 29 अक्टू. 2026, 05:36 AM
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जगरन जोश ने बताया कि नैनीताल उत्तराखंड की ग्रीष्म राजधानी है, जबकि देहरादून साल भर की राजधानी है।
जगरन जोश ने स्पष्ट किया है कि नैनीताल उत्तराखंड की ग्रीष्म राजधानी के रूप में मान्यता प्राप्त है। इस व्यवस्था में देहरादून पूरे वर्ष की स्थायी राजधानी के रूप में कार्य करता है।
ऐतिहासिक रूप से, गर्मियों में ठंडे मौसम के कारण नैनीताल को चुना गया था, जिससे सरकारी कार्यालय और अधिकारी अधिक सुहावने माहौल में काम कर सकें। यह प्रथा ब्रिटिश काल से चली आ रही है और आज भी कुछ मौसमी प्रशासनिक कार्यों के लिए जारी है।
ग्रीष्म राजधानी का दर्जा नैनीताल को पर्यटन स्थल के रूप में भी अधिक महत्व देता है, जहाँ पर्यटक प्रशासन में रुचि के साथ-साथ प्राकृतिक सुंदरता का आनंद लेते हैं। शहर में स्थानीय अधिकारियों द्वारा गर्मियों के दौरान कई सार्वजनिक कार्यक्रम और सेवाएँ आयोजित की जाती हैं।
देहरादून अधिकांश राज्य‑स्तरीय निर्णयों का केंद्र बना रहता है, परन्तु मौसमी रूप से नैनीताल में कार्यवाही का स्थानांतरण हिमालयी राज्य में जलवायु‑अनुकूल शासन की आवश्यकता को दर्शाता है।
ऐतिहासिक रूप से, गर्मियों में ठंडे मौसम के कारण नैनीताल को चुना गया था, जिससे सरकारी कार्यालय और अधिकारी अधिक सुहावने माहौल में काम कर सकें। यह प्रथा ब्रिटिश काल से चली आ रही है और आज भी कुछ मौसमी प्रशासनिक कार्यों के लिए जारी है।
ग्रीष्म राजधानी का दर्जा नैनीताल को पर्यटन स्थल के रूप में भी अधिक महत्व देता है, जहाँ पर्यटक प्रशासन में रुचि के साथ-साथ प्राकृतिक सुंदरता का आनंद लेते हैं। शहर में स्थानीय अधिकारियों द्वारा गर्मियों के दौरान कई सार्वजनिक कार्यक्रम और सेवाएँ आयोजित की जाती हैं।
देहरादून अधिकांश राज्य‑स्तरीय निर्णयों का केंद्र बना रहता है, परन्तु मौसमी रूप से नैनीताल में कार्यवाही का स्थानांतरण हिमालयी राज्य में जलवायु‑अनुकूल शासन की आवश्यकता को दर्शाता है।