Education
अंबिकापुर में छात्रों का शांतिपूर्ण प्रदर्शन, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा
अंबिकापुर में छात्रों ने पेपर लीक और परीक्षा प्रणाली में सुधार की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया, जिसके कुछ समय बाद केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया।
पेपर लीक और परीक्षा प्रणाली में सुधार की मांग को लेकर अंबिकापुर में छात्रों ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। घड़ी चौक से गांधी चौक तक निकाले गए मार्च में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग उठाई गई।
प्रदर्शन के कुछ समय बाद ही धर्मेंद्र प्रधान ने शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया। देशभर में कई दिनों से चल रहे छात्र आंदोलनों के बीच इसे एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।
अंबिकापुर में छात्रों ने परीक्षा में कथित पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता की मांग को लेकर शनिवार दोपहर शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन किया। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार दोपहर 2:00 बजे घड़ी चौक से गांधी चौक तक मार्च निकाला गया, जिसमें छात्रों ने परीक्षा प्रणाली में सुधार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की।
प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ और छात्रों ने अपनी मांगों को लोकतांत्रिक तरीके से प्रशासन के समक्ष रखा। प्रदर्शन में युवाओं ने निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था, जवाबदेही और छात्रों के भविष्य की सुरक्षा को लेकर अपनी चिंता व्यक्त की।
गौरतलब है कि पिछले कई दिनों से देश के विभिन्न राज्यों में छात्र संगठन और अभ्यर्थी परीक्षा संबंधी अनियमितताओं को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। अंबिकापुर का प्रदर्शन भी इसी राष्ट्रीय अभियान का हिस्सा था, जिसमें छात्रों ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी आवाज बुलंद की।
प्रदर्शन के कुछ समय बाद ही धर्मेंद्र प्रधान ने शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया। देशभर में कई दिनों से चल रहे छात्र आंदोलनों के बीच इसे एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।
अंबिकापुर में छात्रों ने परीक्षा में कथित पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता की मांग को लेकर शनिवार दोपहर शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन किया। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार दोपहर 2:00 बजे घड़ी चौक से गांधी चौक तक मार्च निकाला गया, जिसमें छात्रों ने परीक्षा प्रणाली में सुधार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की।
प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ और छात्रों ने अपनी मांगों को लोकतांत्रिक तरीके से प्रशासन के समक्ष रखा। प्रदर्शन में युवाओं ने निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था, जवाबदेही और छात्रों के भविष्य की सुरक्षा को लेकर अपनी चिंता व्यक्त की।
गौरतलब है कि पिछले कई दिनों से देश के विभिन्न राज्यों में छात्र संगठन और अभ्यर्थी परीक्षा संबंधी अनियमितताओं को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। अंबिकापुर का प्रदर्शन भी इसी राष्ट्रीय अभियान का हिस्सा था, जिसमें छात्रों ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी आवाज बुलंद की।