📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Government of Tripura
नौकरी
निजी प्रैक्टिस पर रोक के बाद त्रिपुरा डॉक्टरों की वेतन वृद्धि और पदोन्नति की मांग
✍️ India Today NE
🗓 29 जून 2026, 04:02 PM
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त्रिपुरा के चिकित्सा पेशेवरों ने निजी प्रैक्टिस पर हालिया प्रतिबंध के बाद संशोधित वेतन संरचनाओं और त्वरित पदोन्नति के अवसरों की मांग की है।
त्रिपुरा के डॉक्टरों ने अपने वेतन की समीक्षा और पदोन्नति के लिए एक तेज रास्ते की औपचारिक रूप से मांग की है। यह मांग सरकार के उस निर्णय के बाद आई है जिसने उन्हें निजी चिकित्सा अभ्यास में शामिल होने से प्रतिबंधित कर दिया है।
चिकित्सा बिरादरी का तर्क है कि निजी प्रैक्टिस पर प्रतिबंध, हालांकि सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाओं पर बेहतर ध्यान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लगाया गया है, इसके लिए उनके मुआवजे और करियर की प्रगति में एक अनुरूप समायोजन की आवश्यकता है। उनका मानना है कि राज्य के सार्वजनिक स्वास्थ्य क्षेत्र के भीतर मनोबल बनाए रखने और प्रतिभा को आकर्षित करने/बनाए रखने के लिए संशोधित वित्तीय लाभ और समय पर पदोन्नति महत्वपूर्ण हैं।
इन चिंताओं को दूर करने के लिए डॉक्टरों के संघों और राज्य सरकार के बीच चर्चा चल रही है। इन वार्ताओं के परिणाम से त्रिपुरा भर के सरकारी अस्पतालों में सेवा देने वाले डॉक्टरों की कार्य परिस्थितियों और करियर की संभावनाओं पर असर पड़ने की उम्मीद है।
चिकित्सा बिरादरी का तर्क है कि निजी प्रैक्टिस पर प्रतिबंध, हालांकि सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाओं पर बेहतर ध्यान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लगाया गया है, इसके लिए उनके मुआवजे और करियर की प्रगति में एक अनुरूप समायोजन की आवश्यकता है। उनका मानना है कि राज्य के सार्वजनिक स्वास्थ्य क्षेत्र के भीतर मनोबल बनाए रखने और प्रतिभा को आकर्षित करने/बनाए रखने के लिए संशोधित वित्तीय लाभ और समय पर पदोन्नति महत्वपूर्ण हैं।
इन चिंताओं को दूर करने के लिए डॉक्टरों के संघों और राज्य सरकार के बीच चर्चा चल रही है। इन वार्ताओं के परिणाम से त्रिपुरा भर के सरकारी अस्पतालों में सेवा देने वाले डॉक्टरों की कार्य परिस्थितियों और करियर की संभावनाओं पर असर पड़ने की उम्मीद है।