📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Office of History, Headquarters, U.S. Army Corps o
टेक्नोलॉजी
TRAI ने टेलीकॉम इंटरकनेक्शन नियमों को जनवरी 2027 से लागू करने की घोषणा
✍️ Elets eGov
🗓 03 नव. 2026, 10:02 PM
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टेलीकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया ने नए इंटरकनेक्शन नियम जारी किए हैं, जो जनवरी 2027 से लागू होंगे, ताकि नेटवर्क साझा करने को सरल बनाया जा सके और सेवा गुणवत्ता में सुधार हो।
टेलीकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया (TRAI) ने आधिकारिक तौर पर नए इंटरकनेक्शन नियम जारी किए हैं, जो जनवरी 2027 से लागू होंगे। ये दिशा‑निर्देश टेलीकॉम क्षेत्र को आधुनिक बनाने और नेटवर्क साझा करने से जुड़ी पुरानी समस्याओं को सुलझाने के लिए तैयार किए गए हैं।
नए नियमों में इंटरकनेक्शन समझौतों को स्थापित करने के लिए अनिवार्य समय‑सीमा, लागत‑वितरण की पारदर्शी प्रक्रिया और विवाद समाधान को सरल बनाने की व्यवस्था शामिल है। ऑपरेटरों को पार्टनर नेटवर्क के माध्यम से ट्रैफ़िक रूट करते समय सेवा गुणवत्ता मानकों का पालन करना भी अनिवार्य किया गया है।
विश्लेषकों का मानना है कि ये नियम छोटे खिलाड़ियों के लिए बाधाओं को कम करके प्रतिस्पर्धा को सुदृढ़ करेंगे। नेटवर्क के बेहतर जुड़ाव से कॉल क्वालिटी में सुधार और कॉल ड्रॉप की घटनाओं में कमी की संभावना है, जिससे उपभोक्ताओं को प्रत्यक्ष लाभ होगा।
TRAI ने अंतिम नियमों को अंतिम रूप देने से पहले हितधारकों से प्रतिक्रिया एकत्र करने के लिए सार्वजनिक परामर्श अवधि शुरू की है। नियामक ने बताया है कि जनवरी 2027 के बाद अनुपालन की निगरानी शुरू होगी और प्रभाव का आकलन करने के लिए समय‑समय पर समीक्षा की जाएगी।
नए नियमों में इंटरकनेक्शन समझौतों को स्थापित करने के लिए अनिवार्य समय‑सीमा, लागत‑वितरण की पारदर्शी प्रक्रिया और विवाद समाधान को सरल बनाने की व्यवस्था शामिल है। ऑपरेटरों को पार्टनर नेटवर्क के माध्यम से ट्रैफ़िक रूट करते समय सेवा गुणवत्ता मानकों का पालन करना भी अनिवार्य किया गया है।
विश्लेषकों का मानना है कि ये नियम छोटे खिलाड़ियों के लिए बाधाओं को कम करके प्रतिस्पर्धा को सुदृढ़ करेंगे। नेटवर्क के बेहतर जुड़ाव से कॉल क्वालिटी में सुधार और कॉल ड्रॉप की घटनाओं में कमी की संभावना है, जिससे उपभोक्ताओं को प्रत्यक्ष लाभ होगा।
TRAI ने अंतिम नियमों को अंतिम रूप देने से पहले हितधारकों से प्रतिक्रिया एकत्र करने के लिए सार्वजनिक परामर्श अवधि शुरू की है। नियामक ने बताया है कि जनवरी 2027 के बाद अनुपालन की निगरानी शुरू होगी और प्रभाव का आकलन करने के लिए समय‑समय पर समीक्षा की जाएगी।