Crime
सुपौल में जिला परिवहन कार्यालय में कार्यरत डाटा इंट्री ऑपरेटर 15हजार घुस लेते गिरफ्तार
सुपौल जिला परिवहन कार्यालय में कार्यरत डाटा इंट्री ऑपरेटर को पटना निगरानी कि टीम ने 15हजार रुपए घूस लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया
सुपौल से अवनीश कुमार कि रिपोर्ट
सुपौल जिला परिवहन कार्यालय में 15 हजार रिश्वत लेते डाटा एंट्री ऑपरेटर गिरफ्तार : निगरानी टीम ने रंगेहाथ पकड़ा, गाड़ी का बिहार नंबर देने के एवज में मांगी थी रकम
एंकर:-सुपौल जिला मुख्यालय स्थित जिला परिवहन कार्यालय (DTO) में गुरुवार को निगरानी विभाग की टीम ने कार्रवाई करते हुए डाटा एंट्री ऑपरेटर नंदलाल कुमार को 15 हजार रुपए रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार किया। कार्रवाई से कार्यालय में हड़कंप मच गया।
निगरानी विभाग के पुलिस उपाधीक्षक विंध्याचल प्रसाद ने बताया कि ललितग्राम थाना क्षेत्र के मधुबनी निवासी मोहम्मद अजहर अली ने निगरानी विभाग में शिकायत दर्ज कराई थी। परिवादी को अपनी गाड़ी के लिए बिहार का नंबर चाहिए था। इसके लिए उन्होंने DTO कार्यालय में आवेदन दिया था। आरोप है कि आवेदन के निष्पादन के एवज में डाटा एंट्री ऑपरेटर नंदलाल कुमार ने उनसे 15 हजार रुपए रिश्वत की मांग की।
परिवादी रिश्वत नहीं देना चाहते थे। इसके बाद उन्होंने निगरानी विभाग में शिकायत की। शिकायत का विभागीय स्तर पर सत्यापन कराया गया, जिसमें रिश्वत मांगने का आरोप सही पाया गया। इसके बाद निगरानी टीम ने ट्रैप की योजना बनाई और टीम का गठन किया गया।
गुरुवार को निगरानी विभाग की टीम DTO कार्यालय पहुंची। यहां परिवादी से 15 हजार रुपए रिश्वत लेते हुए नंदलाल कुमार को रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया गया। डीएसपी ने बताया कि तत्काल कार्रवाई में कोई अन्य व्यक्ति शामिल नहीं पाया गया है।
कार्रवाई के दौरान निगरानी एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, पटना के पुलिस उपाधीक्षक विंध्याचल प्रसाद समेत टीम के अधिकारी मौजूद रहे।
बाईट विद्यांचल प्रसाद पुलिस उपाधीक्षक भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो पटना
सुपौल जिला परिवहन कार्यालय में 15 हजार रिश्वत लेते डाटा एंट्री ऑपरेटर गिरफ्तार : निगरानी टीम ने रंगेहाथ पकड़ा, गाड़ी का बिहार नंबर देने के एवज में मांगी थी रकम
एंकर:-सुपौल जिला मुख्यालय स्थित जिला परिवहन कार्यालय (DTO) में गुरुवार को निगरानी विभाग की टीम ने कार्रवाई करते हुए डाटा एंट्री ऑपरेटर नंदलाल कुमार को 15 हजार रुपए रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार किया। कार्रवाई से कार्यालय में हड़कंप मच गया।
निगरानी विभाग के पुलिस उपाधीक्षक विंध्याचल प्रसाद ने बताया कि ललितग्राम थाना क्षेत्र के मधुबनी निवासी मोहम्मद अजहर अली ने निगरानी विभाग में शिकायत दर्ज कराई थी। परिवादी को अपनी गाड़ी के लिए बिहार का नंबर चाहिए था। इसके लिए उन्होंने DTO कार्यालय में आवेदन दिया था। आरोप है कि आवेदन के निष्पादन के एवज में डाटा एंट्री ऑपरेटर नंदलाल कुमार ने उनसे 15 हजार रुपए रिश्वत की मांग की।
परिवादी रिश्वत नहीं देना चाहते थे। इसके बाद उन्होंने निगरानी विभाग में शिकायत की। शिकायत का विभागीय स्तर पर सत्यापन कराया गया, जिसमें रिश्वत मांगने का आरोप सही पाया गया। इसके बाद निगरानी टीम ने ट्रैप की योजना बनाई और टीम का गठन किया गया।
गुरुवार को निगरानी विभाग की टीम DTO कार्यालय पहुंची। यहां परिवादी से 15 हजार रुपए रिश्वत लेते हुए नंदलाल कुमार को रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया गया। डीएसपी ने बताया कि तत्काल कार्रवाई में कोई अन्य व्यक्ति शामिल नहीं पाया गया है।
कार्रवाई के दौरान निगरानी एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, पटना के पुलिस उपाधीक्षक विंध्याचल प्रसाद समेत टीम के अधिकारी मौजूद रहे।
बाईट विद्यांचल प्रसाद पुलिस उपाधीक्षक भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो पटना