🔥 ट्रेंडिंग असम राइफल्स ने मणिपुर में महिलाओं की स... असम के मुख्यमंत्री ने भूपेन हजारीका के... एक सदी बाद भी असम के प्रतीक को बना रहे... लुधियाना में अर्श डल्ला गैंग के दो सदस... जालंधर में पेट्रोल पंप के कर्मचारी पर... બનાસકાંઠામાં ટ્રાફિક નિયંત્રણ માટે TRB...
09 सित. 2026
ગુજરાતી मराठी ਪੰਜਾਬੀ বাংলা
राजस्थान में नसबंदी विफलता पर अदालत ने 80,000 रुपये मुआवजा दिया
📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / ShreshtaKhetan
स्वास्थ्य

राजस्थान में नसबंदी विफलता पर अदालत ने 80,000 रुपये मुआवजा दिया

✍️ Amar Ujala · Rajasthan 🗓 07 सित. 2026, 07:49 PM 👁 11
शेयर करें: 💬 WhatsApp 📘 Facebook 𝕏 Post

दौसा स्थायी लोक अदालत ने अस्पताल और स्वास्थ्य विभाग को 80,000 रुपये का मुआवजा देने का आदेश दिया, क्योंकि नसबंदी ऑपरेशन विफल हो कर महिला को पुत्र का जन्म हुआ; राशि 15 दिनों में देनी होगी।

राजस्थान के दौसा स्थायी लोक अदालत ने एक स्थानीय अस्पताल और राज्य स्वास्थ्य विभाग को मिलकर 80,000 रुपये का मुआवजा देने का आदेश दिया है, क्योंकि एक महिला की नसबंदी प्रक्रिया विफल रही और उसके बाद एक पुत्र का जन्म हुआ। आदेश में कहा गया है कि यह राशि निर्णय के पंद्रह दिन के भीतर पूरी तरह भुगतान की जानी चाहिए।

महिला ने सरकारी परिवार नियोजन योजना के तहत नसबंदी ऑपरेशन करवाया था। चिकित्सा रिकॉर्ड से पता चलता है कि यह प्रक्रिया सफल नहीं रही, और बाद में वह पुत्र को जन्म देती है, जिससे लापरवाही और प्रजनन अधिकारों के उल्लंघन के लिए कानूनी कार्रवाई हुई।

लोक अदालत ने मुआवजे को उस अस्पताल और स्वास्थ्य विभाग के बीच बराबर बाँटने का निर्देश दिया है, जिन्होंने क्रमशः इस प्रक्रिया को अंजाम दिया और कार्यक्रम की निगरानी की। दोनों पक्ष अब इस राशि को शीघ्रता से निपटाने के लिए बाध्य हैं, अन्यथा आगे की कानूनी कार्रवाई हो सकती है।

स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि इस प्रकार के मुआवजा आदेश सार्वजनिक स्वास्थ्य हस्तक्षेपों में जवाबदेही को मजबूत करने के लिए हैं, विशेषकर परिवार नियोजन पहलों में जहाँ प्रक्रिया में चूक से गंभीर व्यक्तिगत परिणाम हो सकते हैं।

यह फैसला मेडिकल संस्थानों और सरकारी एजेंसियों को नसबंदी प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन करने और मानकों के उल्लंघन पर समय पर क्षतिपूर्ति प्रदान करने की याद दिलाता है।
📲Get App