📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Prime Minister's Office, Government of India
बिज़नेस
पोसको की 12 बिलियन डॉलर की ओडिशा स्टील परियोजना, भारत की सबसे बड़ी एफडीआई, अब रुक गई
✍️ business-standard.com
🗓 06 सित. 2026, 11:36 PM
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दक्षिण कोरिया की पोसको द्वारा ओडिशा में प्रस्तावित स्टील प्लांट, जिसे भारत की सबसे बड़ी विदेशी निवेश माना गया था, अब रद्द हो गया है।
दक्षिण कोरियाई स्टील निर्माता पोसको ने ओडिशा में एक विशाल स्टील प्लांट स्थापित करने के लिए कई अरब डॉलर की विदेशी प्रत्यक्ष निवेश की व्यवस्था की थी, जिसे भारत का सबसे बड़ा एफडीआई कहा जा रहा था। इस परियोजना से अत्याधुनिक तकनीक, विस्तृत डाउनस्ट्रीम सुविधाएँ और राज्य की औद्योगिक क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि की उम्मीद थी।
परंतु, नियामक मंजूरी और अनुबंधीय शर्तों को लेकर असहमति के कारण समझौता अंतिम रूप नहीं ले सका और दोनों पक्षों ने सहयोग तोड़ दिया। परिणामस्वरूप, वादा किया गया निवेश वापस ले लिया गया।
इस रद्दीकरण से क्षेत्र में रोजगार सृजन और आर्थिक विकास की संभावनाओं पर असर पड़ेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि बड़े विदेशी निवेशकों को भारत की अनुमोदन प्रक्रियाओं में कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, चाहे परियोजना कितनी भी रणनीतिक क्यों न हो।
सरकार ने अभी तक इस खोए हुए निवेश के लिए कोई विकल्प नहीं बताया है, जिससे ओडिशा में बड़े पैमाने पर स्टील उत्पादन के भविष्य को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।
परंतु, नियामक मंजूरी और अनुबंधीय शर्तों को लेकर असहमति के कारण समझौता अंतिम रूप नहीं ले सका और दोनों पक्षों ने सहयोग तोड़ दिया। परिणामस्वरूप, वादा किया गया निवेश वापस ले लिया गया।
इस रद्दीकरण से क्षेत्र में रोजगार सृजन और आर्थिक विकास की संभावनाओं पर असर पड़ेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि बड़े विदेशी निवेशकों को भारत की अनुमोदन प्रक्रियाओं में कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, चाहे परियोजना कितनी भी रणनीतिक क्यों न हो।
सरकार ने अभी तक इस खोए हुए निवेश के लिए कोई विकल्प नहीं बताया है, जिससे ओडिशा में बड़े पैमाने पर स्टील उत्पादन के भविष्य को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।