📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / anuraghunka
अपराध
मंदला के सीएमओ गजानन नाफड़े पर ₹2 लाख रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार
✍️ Amar Ujala · Madhya Pradesh
🗓 25 सित. 2026, 03:45 PM
👁 11
मंदला नगर पालिका के सीएमओ गजानन नाफड़े को लोकायुक्त टीम ने 2 लाख रुपये की रिश्वत लेते पकड़ा, जबकि उन्होंने 15 लाख रुपये के बकाया बिल को निपटाने के लिए 4 लाख रुपये की माँग की थी।
जबलपुर लोकायुक्त ने मंडला नगर पालिका के सीएमओ गजानन नाफड़े को एक जाल में फँसाकर 2 लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा। यह कार्रवाई तब हुई जब अधिकारी पहली किस्त देने के लिए तैयार हुए और नाफड़े ने उनका सामना किया।
लोकायुक्त की रिपोर्ट के अनुसार, नाफड़े ने बताया कि 15 लाख रुपये के लंबित बिल का निपटारा केवल 4 लाख रुपये अतिरिक्त भुगतान पर ही संभव है। उन्होंने इस मांग के तहत 2 लाख रुपये पहले ही ले लिये, जिसके बाद टीम ने हस्तक्षेप किया।
जबरदस्त जांच के बाद नाफड़े को हिरासत में ले लिया गया और भ्रष्टाचार रोकथाम अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया। आगे की कानूनी कार्यवाही की तैयारी चल रही है।
स्थानीय अधिकारियों ने सभी नगरपालिका कर्मचारियों और ठेकेदारों से सहयोग की अपील की है, यह दर्शाते हुए कि सार्वजनिक पदों पर भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
यह घटना मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार विरोधी अभियानों की निरंतरता को दर्शाती है, जहाँ स्थानीय शासन में पारदर्शिता और जवाबदेही को सुदृढ़ करने के प्रयास तेज़ी से आगे बढ़ रहे हैं।
लोकायुक्त की रिपोर्ट के अनुसार, नाफड़े ने बताया कि 15 लाख रुपये के लंबित बिल का निपटारा केवल 4 लाख रुपये अतिरिक्त भुगतान पर ही संभव है। उन्होंने इस मांग के तहत 2 लाख रुपये पहले ही ले लिये, जिसके बाद टीम ने हस्तक्षेप किया।
जबरदस्त जांच के बाद नाफड़े को हिरासत में ले लिया गया और भ्रष्टाचार रोकथाम अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया। आगे की कानूनी कार्यवाही की तैयारी चल रही है।
स्थानीय अधिकारियों ने सभी नगरपालिका कर्मचारियों और ठेकेदारों से सहयोग की अपील की है, यह दर्शाते हुए कि सार्वजनिक पदों पर भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
यह घटना मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार विरोधी अभियानों की निरंतरता को दर्शाती है, जहाँ स्थानीय शासन में पारदर्शिता और जवाबदेही को सुदृढ़ करने के प्रयास तेज़ी से आगे बढ़ रहे हैं।