📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / GaiusAugustine
राजनीति
एमपी सरकार ने महिला एवं बाल विकास आयुक्त निधि निवेदिता के आदेशों को निरस्त किया
✍️ Amar Ujala · Bhopal
🗓 10 सित. 2026, 02:36 PM
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महिला एवं बाल विकास विभाग से हटाए जाने के बाद, एमपी सरकार ने निधि निवेदिता द्वारा जारी किए गए कई आदेश निरस्त कर दिए हैं।
एमपी राज्य सरकार ने एक आधिकारिक अधिसूचना के माध्यम से महिला एवं बाल विकास विभाग की आयुक्त पद से हटाए गए 2012 बैंच की आईएएस अधिकारी निधि निवेदिता द्वारा जारी किए गए कई आदेशों को निरस्त करने का आदेश दिया है। निधि निवेदिता को इस महीने के शुरुआती दौर में पद से हटाकर अन्य कार्यभार सौंपा गया था।
निरस्त किए गए आदेशों की सूची अधिसूचना में प्रकाशित की गई है और विभाग को निर्देश दिया गया है कि अब इन आदेशों को लागू न किया जाए और पहले के मान्य निर्देशों के तहत कार्यवाही जारी रखी जाए।
प्रशासनिक स्रोतों ने बताया कि यह कदम कल्याण योजनाओं में निरंतरता बनाए रखने और प्रशासनिक उलझन से बचने के उद्देश्य से उठाया गया है। निरस्त आदेशों के साथ कोई नई नीति नहीं जोड़ी गई है, और वर्तमान आयुक्त के मार्गदर्शन में विभाग मौजूदा कार्यक्रमों को जारी रखेगा।
यह निर्णय यह दर्शाता है कि राज्य सरकार को अधिकारी के स्थानांतरण के बाद उनके द्वारा लिये गये निर्णयों की समीक्षा और निरस्तीकरण का अधिकार है, जो भारतीय प्रशासनिक प्रथा में सामान्य है।
निरस्त किए गए आदेशों की सूची अधिसूचना में प्रकाशित की गई है और विभाग को निर्देश दिया गया है कि अब इन आदेशों को लागू न किया जाए और पहले के मान्य निर्देशों के तहत कार्यवाही जारी रखी जाए।
प्रशासनिक स्रोतों ने बताया कि यह कदम कल्याण योजनाओं में निरंतरता बनाए रखने और प्रशासनिक उलझन से बचने के उद्देश्य से उठाया गया है। निरस्त आदेशों के साथ कोई नई नीति नहीं जोड़ी गई है, और वर्तमान आयुक्त के मार्गदर्शन में विभाग मौजूदा कार्यक्रमों को जारी रखेगा।
यह निर्णय यह दर्शाता है कि राज्य सरकार को अधिकारी के स्थानांतरण के बाद उनके द्वारा लिये गये निर्णयों की समीक्षा और निरस्तीकरण का अधिकार है, जो भारतीय प्रशासनिक प्रथा में सामान्य है।