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27 Oct 2026•
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जांच, गश्त और शिकायतों की सुनवाई पर पड़ रहा असर: पंचायत चुनाव में लगा 90 प्रतिशत जाब्ता, 6 से 10 जवानो ं के भरोसे शहर के 10 थान

✍️ Reporter: Vipin Singhal 🗓 27 Oct 2026, 06:56 AM 👁 9
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शहर के थानो ं मे ं पुलिसकर्मियो ं की कमी से कामकाज प्रभावित हो रहा है। पंचायत चुनाव में करीब 90% जाब्ता तैनात होने से सभी 10 थानो ं में गिनती के पुलिसकर्मी ही बच े हैं। कहीं 6 तो कहीं 10 जवानो ं के भरोसे थान े चल रहे हैं। इनम े ं सीआई, एएसआई, हेड कांस्टेबल और कांस्टेबल शामिल हैं। कुछ पुलिसकर्मी फील्ड में तैनात रहते हैं। ऐस े में बच े हुए जवानों को 24 घंट े ड्यूटी करनी पड़ रही है।

नफरी (स्टाफ) कम होने का असर अपराध की जांच, आरोपियो ं की तलाश, गश्त, शिकायतों पर कार्रवाई और कानून-व्यवस्था संभालने पर पड़ रहा है। थानो ं मे ं मौजूद पुलिसकर्मियो ं पर काम का दोहरा दबाव है। एक साथ दो घटनाए ं होने पर दोनो ं जगह जाब्ता भेजना चुनौती बन जाता है। कुछ थानो ं मे ं एसआई तक तैनात नही ं हैं। ऐस े में सवाल है कि सीमित पुलिस बल के बीच शहर में अपराध रोकने और शिकायतों पर समय पर कार्रवाई करने की व्यवस्था कैसे चलेगी?
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