📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Irfanrulz
विज्ञान
IUST के जम्मू-कश्मीर साइंस कांग्रेस में दूसरे दिन प्लेनरी लेक्चर और तकनीकी सत्र
✍️ Daily Excelsior
🗓 01 अक्टू. 2026, 04:37 PM
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भारतीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (IUST) के जम्मू-कश्मीर साइंस कांग्रेस के दूसरे दिन प्लेनरी लेक्चर और कई तकनीकी सत्र आयोजित हुए, जिसमें क्षेत्र के कई शोधकर्ता और छात्र शामिल हुए।
भारतीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (IUST) ने जम्मू‑कश्मीर में अपने वार्षिक साइंस कांग्रेस के दूसरे दिन का कार्यक्रम सफलतापूर्वक पूरा किया। प्रमुख वैज्ञानिकों और शैक्षणिक विशेषज्ञों ने भौतिकी, रसायन विज्ञान और पर्यावरण विज्ञान के नवीनतम विकास पर प्लेनरी लेक्चर दिए।
मुख्य भाषणों के बाद समानांतर तकनीकी सत्रों में शोधकर्ताओं ने नवीकरणीय ऊर्जा से लेकर नैनोमैटेरियल्स तक के विषयों पर अपने पेपर प्रस्तुत किए। प्रतिभागियों ने चर्चा में सक्रिय भागीदारी दर्शाते हुए सहयोगी अवसरों और क्षेत्रीय अनुसंधान प्राथमिकताओं को उजागर किया।
आयोजकों ने बताया कि विश्वविद्यालयों, अनुसंधान संस्थानों और उद्योग के प्रतिनिधियों की बड़ी संख्या ने इस कार्यक्रम में भाग लिया, जिससे उत्तरी राज्यों में वैज्ञानिक संवाद को बढ़ावा मिलने की संभावना स्पष्ट हुई। इस दौरान पोस्टर प्रस्तुतियों और विज्ञान शिक्षा के प्रसार पर एक पैनल चर्चा भी आयोजित की गई।
तीसरे संस्करण के रूप में आयोजित यह कांग्रेस नवीनतम शोध को प्रदर्शित करने और जम्मू‑कश्मीर तथा अन्य क्षेत्रों के विद्वानों के बीच अंतरविषयक सहयोग को प्रोत्साहित करने का लक्ष्य रखती है।
IUST के अधिकारियों ने कहा कि शेष दिनों में डेटा एनालिटिक्स पर कार्यशालाएँ और उत्कृष्ट योगदान के लिए पुरस्कार समारोह आयोजित किया जाएगा।
मुख्य भाषणों के बाद समानांतर तकनीकी सत्रों में शोधकर्ताओं ने नवीकरणीय ऊर्जा से लेकर नैनोमैटेरियल्स तक के विषयों पर अपने पेपर प्रस्तुत किए। प्रतिभागियों ने चर्चा में सक्रिय भागीदारी दर्शाते हुए सहयोगी अवसरों और क्षेत्रीय अनुसंधान प्राथमिकताओं को उजागर किया।
आयोजकों ने बताया कि विश्वविद्यालयों, अनुसंधान संस्थानों और उद्योग के प्रतिनिधियों की बड़ी संख्या ने इस कार्यक्रम में भाग लिया, जिससे उत्तरी राज्यों में वैज्ञानिक संवाद को बढ़ावा मिलने की संभावना स्पष्ट हुई। इस दौरान पोस्टर प्रस्तुतियों और विज्ञान शिक्षा के प्रसार पर एक पैनल चर्चा भी आयोजित की गई।
तीसरे संस्करण के रूप में आयोजित यह कांग्रेस नवीनतम शोध को प्रदर्शित करने और जम्मू‑कश्मीर तथा अन्य क्षेत्रों के विद्वानों के बीच अंतरविषयक सहयोग को प्रोत्साहित करने का लक्ष्य रखती है।
IUST के अधिकारियों ने कहा कि शेष दिनों में डेटा एनालिटिक्स पर कार्यशालाएँ और उत्कृष्ट योगदान के लिए पुरस्कार समारोह आयोजित किया जाएगा।