ग्राम पंचायत रिमार में निर्माण कार्यों में भारी धांधली,
ग्राम पंचायत रिमार में निर्माण कार्यों में भारी धांधली, आंगनबाड़ी भवन निर्माण में घटिया सामग्री का उपयोग, सड़क निर्माण में 20 मीटर का फर्जीवाड़ा
जयसिंहनगर - ग्राम पंचायत रिमार में विकास कार्यों के नाम पर शासकीय राशि के बंदरबांट और घोर लापरवाही का मामला सामने आया है। पंचायत के डोंगरा टोला में चल रहे आंगनबाड़ी भवन निर्माण में तकनीकी मानकों और गुणवत्ता की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। वहीं दूसरी ओर, स्वामी दीन के घर से जगदीश के घर तक सीसी रोड निर्माण में भी लगभग 20 मीटर के सीधे फर्जीवाड़े का आरोप ग्रामीणों ने लगाया है।
आंगनबाड़ी भवन - पानी भरे गड्ढों में खड़े हो रहे कमजोर कॉलम
डोंगरा टोला में निर्माणाधीन आंगनबाड़ी केंद्र के कार्य में भारी लापरवाही बरती जा रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि कॉलम के लिए नींव की खुदाई 1 मीटर से भी कम की गई है। इतना ही नहीं, गड्ढों में पानी भरा होने के बावजूद उसी में बिना पानी निकाले काम जारी है। ढलाई के दौरान नाममात्र सीमेंट और बेहद ढीले मसाले का उपयोग कर कॉलम खड़े किए जा रहे हैं, जिससे भविष्य में भवन की मजबूती पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है।
ग्रामीणों ने मांग उठाई है कि भवन निर्माण में स्थानीय घटिया ईंटों की जगह गुणवत्तापूर्ण इलाहाबादी ईंटों का उपयोग किया जाए और निर्माण कार्य मानक के अनुसार कराया जाए।
130 मीटर सड़क का 150 मीटर में फर्जीवाड़ा
पंचायत में भ्रष्टाचार का दूसरा बड़ा मामला सड़क निर्माण से जुड़ा है। ग्रामीणों के अनुसार, स्वामी दीन के घर से जगदीश के घर तक सड़क की वास्तविक लंबाई केवल 130 मीटर है। इसके बावजूद ग्राम पंचायत सचिव गुलाब सिंह और सरपंच जयमालिया सिंह की मिलीभगत से इस मार्ग को 150 मीटर स्वीकृत (सेंशन) कराकर कागजों में अतिरिक्त 20 मीटर का खेल किया गया है। ग्रामीणों का स्पष्ट आरोप है कि इस 20 मीटर अतिरिक्त सड़क के नाम पर सरकारी धन का गबन किया जा रहा है।
उच्चस्तरीय जांच की मांग
स्थानीय ग्रामीणों ने इस पूरे मामले को लेकर गहरा रोष व्यक्त किया है। लोगों का कहना है कि जिम्मेदार अधिकारियों की अनदेखी के चलते ग्राम पंचायत में खुलेआम कमीशनखोरी और घटिया निर्माण को बढ़ावा मिल रहा है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और जनपद पंचायत के वरिष्ठ अधिकारियों से मांग की है कि मौके पर तकनीकी टीम भेजकर आंगनबाड़ी निर्माण की जांच कराई जाए और सड़क की वास्तविक नाप कराकर दोषी सरपंच व सचिव के विरुद्ध कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाए।
जयसिंहनगर - ग्राम पंचायत रिमार में विकास कार्यों के नाम पर शासकीय राशि के बंदरबांट और घोर लापरवाही का मामला सामने आया है। पंचायत के डोंगरा टोला में चल रहे आंगनबाड़ी भवन निर्माण में तकनीकी मानकों और गुणवत्ता की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। वहीं दूसरी ओर, स्वामी दीन के घर से जगदीश के घर तक सीसी रोड निर्माण में भी लगभग 20 मीटर के सीधे फर्जीवाड़े का आरोप ग्रामीणों ने लगाया है।
आंगनबाड़ी भवन - पानी भरे गड्ढों में खड़े हो रहे कमजोर कॉलम
डोंगरा टोला में निर्माणाधीन आंगनबाड़ी केंद्र के कार्य में भारी लापरवाही बरती जा रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि कॉलम के लिए नींव की खुदाई 1 मीटर से भी कम की गई है। इतना ही नहीं, गड्ढों में पानी भरा होने के बावजूद उसी में बिना पानी निकाले काम जारी है। ढलाई के दौरान नाममात्र सीमेंट और बेहद ढीले मसाले का उपयोग कर कॉलम खड़े किए जा रहे हैं, जिससे भविष्य में भवन की मजबूती पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है।
ग्रामीणों ने मांग उठाई है कि भवन निर्माण में स्थानीय घटिया ईंटों की जगह गुणवत्तापूर्ण इलाहाबादी ईंटों का उपयोग किया जाए और निर्माण कार्य मानक के अनुसार कराया जाए।
130 मीटर सड़क का 150 मीटर में फर्जीवाड़ा
पंचायत में भ्रष्टाचार का दूसरा बड़ा मामला सड़क निर्माण से जुड़ा है। ग्रामीणों के अनुसार, स्वामी दीन के घर से जगदीश के घर तक सड़क की वास्तविक लंबाई केवल 130 मीटर है। इसके बावजूद ग्राम पंचायत सचिव गुलाब सिंह और सरपंच जयमालिया सिंह की मिलीभगत से इस मार्ग को 150 मीटर स्वीकृत (सेंशन) कराकर कागजों में अतिरिक्त 20 मीटर का खेल किया गया है। ग्रामीणों का स्पष्ट आरोप है कि इस 20 मीटर अतिरिक्त सड़क के नाम पर सरकारी धन का गबन किया जा रहा है।
उच्चस्तरीय जांच की मांग
स्थानीय ग्रामीणों ने इस पूरे मामले को लेकर गहरा रोष व्यक्त किया है। लोगों का कहना है कि जिम्मेदार अधिकारियों की अनदेखी के चलते ग्राम पंचायत में खुलेआम कमीशनखोरी और घटिया निर्माण को बढ़ावा मिल रहा है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और जनपद पंचायत के वरिष्ठ अधिकारियों से मांग की है कि मौके पर तकनीकी टीम भेजकर आंगनबाड़ी निर्माण की जांच कराई जाए और सड़क की वास्तविक नाप कराकर दोषी सरपंच व सचिव के विरुद्ध कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाए।