📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Sukumar Ray
अपराध
सुकुमार कुर्प केस में नई झूठी सूचना ने दी उम्मीदों को धक्का
✍️ Hindustan Times
🗓 29 अग. 2026, 11:19 AM
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सुकुमार कुर्प के लंबे समय से चल रहे फरार मामले में नई सूचना झूठी साबित हुई, जिससे पुलिस की उम्मीदें ठहर गईं।
केरल पुलिस ने पुष्टि की है कि 1984 में व्यापारी चाको माथ्यू की हत्या के मामले में, सुकुमार कुर्प को फरार घोषित करने वाले एक नए संकेत को झूठा पाया गया। यह सूचना पिछले हफ्ते मिली थी, जिसमें कहा गया था कि कुर्प उत्तर भारत के किसी शहर में हो सकता है, जिससे सीमित जांच टीमों को तैनात किया गया। जांच के बाद यह स्पष्ट हुआ कि यह जानकारी बनावटी थी और इसमें कोई ठोस सबूत नहीं था।
यह खुलासा कई दशकों के बीच में आए छोटे‑छोटे मोड़ और निराशाजनक परिणामों के बाद आया है। जीवन बीमा राशि के लिए हत्या की साजिश करने का आरोप लगने के बाद भी कुर्प कई सालों से पकड़े नहीं जा सके हैं, जबकि देश भर में कई बार उसके दिखने की खबरें आई हैं। पुलिस प्रवक्ता आर. मेनन ने कहा कि यह नया संकेत निराशाजनक रहा, पर भविष्य में मिलने वाली किसी भी सूचना की कड़ी जांच जारी रहेगी।
अधिकारी यह भी कह रहे हैं कि जांच अभी भी सक्रिय है, ज्ञात सहयोगियों की निगरानी और पुराने केस फाइलों की समय‑समय पर समीक्षा की जा रही है। हालांकि झूठा संकेत इस बात को उजागर करता है कि उच्च‑प्रोफ़ाइल मामलों में वास्तविक सूचना और जानबूझकर फैलाए गए अफवाहों में अंतर करना कितना कठिन है।
यह खुलासा कई दशकों के बीच में आए छोटे‑छोटे मोड़ और निराशाजनक परिणामों के बाद आया है। जीवन बीमा राशि के लिए हत्या की साजिश करने का आरोप लगने के बाद भी कुर्प कई सालों से पकड़े नहीं जा सके हैं, जबकि देश भर में कई बार उसके दिखने की खबरें आई हैं। पुलिस प्रवक्ता आर. मेनन ने कहा कि यह नया संकेत निराशाजनक रहा, पर भविष्य में मिलने वाली किसी भी सूचना की कड़ी जांच जारी रहेगी।
अधिकारी यह भी कह रहे हैं कि जांच अभी भी सक्रिय है, ज्ञात सहयोगियों की निगरानी और पुराने केस फाइलों की समय‑समय पर समीक्षा की जा रही है। हालांकि झूठा संकेत इस बात को उजागर करता है कि उच्च‑प्रोफ़ाइल मामलों में वास्तविक सूचना और जानबूझकर फैलाए गए अफवाहों में अंतर करना कितना कठिन है।