📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Survey of India
वायरल
फ़ैक्ट‑चेक: दिल्ली विरोध में साझा किया गया वीडियो फ़िलिपीन से
✍️ India Today
🗓 12 अक्टू. 2026, 05:17 AM
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दिल्ली विरोध के दौरान भारतीय सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो फ़िलिपीन से है, यह भारत टुडे की फ़ैक्ट‑चेक टीम ने पुष्टि की।
भारत टुडे की फ़ैक्ट‑चेक टीम ने दिल्ली में विरोध के दौरान भारतीय सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से साझा किए गए एक वीडियो की जांच की। कई उपयोगकर्ताओं ने इसे दिल्ली में भीड़ और पुलिस कार्रवाई का दृश्य बताया, पर जांच से पता चला कि यह फ़िलिपीन में बनी एक समाचार रिपोर्ट का हिस्सा है।
फ़्रेम‑बाय‑फ़्रेम विश्लेषण, जियो‑लोकेशन डेटा और मूल अपलोड टाइमस्टैम्प की मदद से जांचकर्ताओं ने इस फुटेज को 2022 में मनीला में हुए सार्वजनिक सभा की रिपोर्ट से जोड़ा। वीडियो के मेटाडाटा, संकेतों की भाषा और पृष्ठभूमि में दिखने वाले लैंडमार्क ने इसकी विदेशी उत्पत्ति को पुष्टि की।
भ्रमपूर्ण जानकारी ट्विटर और व्हाट्सएप पर तेज़ी से फैली, जिससे दिल्ली के विरोध की वास्तविक स्थिति को लेकर गलत धारणाएँ बन गईं। भारत टुडे ने उपयोगकर्ताओं से अपलोड स्रोत की पुष्टि करने और बिना सत्यापित सामग्री को साझा न करने की अपील की है।
अधिकारियों ने अभी तक इस मामले में कोई कानूनी कदम नहीं उठाया है, पर यह घटना वास्तविक‑समय में विरोध कवरेज के दौरान misinformation की चुनौती को उजागर करती है।
फ़्रेम‑बाय‑फ़्रेम विश्लेषण, जियो‑लोकेशन डेटा और मूल अपलोड टाइमस्टैम्प की मदद से जांचकर्ताओं ने इस फुटेज को 2022 में मनीला में हुए सार्वजनिक सभा की रिपोर्ट से जोड़ा। वीडियो के मेटाडाटा, संकेतों की भाषा और पृष्ठभूमि में दिखने वाले लैंडमार्क ने इसकी विदेशी उत्पत्ति को पुष्टि की।
भ्रमपूर्ण जानकारी ट्विटर और व्हाट्सएप पर तेज़ी से फैली, जिससे दिल्ली के विरोध की वास्तविक स्थिति को लेकर गलत धारणाएँ बन गईं। भारत टुडे ने उपयोगकर्ताओं से अपलोड स्रोत की पुष्टि करने और बिना सत्यापित सामग्री को साझा न करने की अपील की है।
अधिकारियों ने अभी तक इस मामले में कोई कानूनी कदम नहीं उठाया है, पर यह घटना वास्तविक‑समय में विरोध कवरेज के दौरान misinformation की चुनौती को उजागर करती है।