📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Mouryan
स्वास्थ्य
अमृतसर के ईएसआई अस्पताल में दो माह के बकाया वेतन पर स्टाफ ने हड़ताल की
✍️ Amar Ujala · Amritsar
🗓 20 अग. 2026, 06:48 PM
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अमृतसर के ईएसआई अस्पताल के कर्मचारियों ने दो महीने से बकाया वेतन न मिलने पर सेवा बंद कर दी, वे त्वरित भुगतान की माँग कर रहे हैं।
अमृतसर स्थित ईएसआई अस्पताल में डॉक्टर, नर्स और सहायक स्टाफ ने दो महीने से बकाया वेतन न मिलने के कारण हड़ताल कर दी है। अस्पताल प्रशासन ने बताया कि वेतन में देरी राज्य स्वास्थ्य विभाग से फंड ट्रांसफर में बाधा के कारण हुई है, जिससे कर्मचारियों को उनका नियमित वेतन नहीं मिला।
हस्पताल के यूनियन प्रतिनिधियों ने मंगलवार को वरिष्ठ अधिकारियों से मिलकर बकाया राशि के त्वरित भुगतान की माँग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि भुगतान नहीं हुआ तो शहर के निवासियों के लिए, विशेषकर ईएसआई नेटवर्क के तहत सस्ती चिकित्सा सेवाओं पर निर्भर लोगों के लिए, आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएँ बाधित हो सकती हैं।
राज्य स्वास्थ्य विभाग ने समस्या को स्वीकार किया और फंड रिलीज़ को तेज़ करने के लिए समीक्षा चलाने की घोषणा की। इस बीच, अस्पताल ने आपातकालीन सेवाओं को सीमित रूप से जारी रखा है ताकि गंभीर रोगियों को इलाज मिल सके, जबकि सामान्य आउट‑पेशेंट और वैकल्पिक प्रक्रियाएँ स्थगित हैं।
स्थानीय प्राधिकरणों ने राज्य सरकार और ईएसआई निगम से वित्तीय अड़चन को शीघ्र सुलझाने का अनुरोध किया है, यह बताते हुए कि लम्बी हड़ताल पंजाब के दूसरे बड़े शहर में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच को और बिगाड़ सकती है।
हस्पताल के यूनियन प्रतिनिधियों ने मंगलवार को वरिष्ठ अधिकारियों से मिलकर बकाया राशि के त्वरित भुगतान की माँग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि भुगतान नहीं हुआ तो शहर के निवासियों के लिए, विशेषकर ईएसआई नेटवर्क के तहत सस्ती चिकित्सा सेवाओं पर निर्भर लोगों के लिए, आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएँ बाधित हो सकती हैं।
राज्य स्वास्थ्य विभाग ने समस्या को स्वीकार किया और फंड रिलीज़ को तेज़ करने के लिए समीक्षा चलाने की घोषणा की। इस बीच, अस्पताल ने आपातकालीन सेवाओं को सीमित रूप से जारी रखा है ताकि गंभीर रोगियों को इलाज मिल सके, जबकि सामान्य आउट‑पेशेंट और वैकल्पिक प्रक्रियाएँ स्थगित हैं।
स्थानीय प्राधिकरणों ने राज्य सरकार और ईएसआई निगम से वित्तीय अड़चन को शीघ्र सुलझाने का अनुरोध किया है, यह बताते हुए कि लम्बी हड़ताल पंजाब के दूसरे बड़े शहर में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच को और बिगाड़ सकती है।