📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Marcosmsfs
अपराध
कोलवाले जेल से चल रहा ड्रग रिंग, व्हाट्सएप और यूपीआई के जरिए
✍️ The Times of India
🗓 03 अग. 2026, 04:36 AM
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पुलिस ने कोलवाले जेल से चल रहे ड्रग तस्करी नेटवर्क का पता लगाया, जो व्हाट्सएप से समन्वय और यूपीआई से भुगतान करता है।
गांव कोलवाले, गोवा के जेल में एक ड्रग तस्करी नेटवर्क का पता पुलिस ने लगाया है। यह नेटवर्क व्हाट्सएप समूहों के माध्यम से नशे की दवाओं के वितरण का समन्वय करता था और भुगतान यूपीआई के जरिए किया जाता था।
इस नेटवर्क ने जेल के कैदियों और कर्मचारियों को स्थानीय समुदाय में नशे की दवाएँ पहुँचाने का काम किया, जबकि यूपीआई ऐप्स के जरिए गुमनाम रूप से लेनदेन किया जाता था।
स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि इस रिंग ने जेल के कैदियों और आसपास के क्षेत्र की सुरक्षा पर बुरा असर डाला है। इस खोज के बाद जेल में डिजिटल संचार पर नियंत्रण की समीक्षा की जा रही है।
जांच के दौरान पुलिस ने कई कैदियों और कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है, जिन पर इस रिंग में शामिल होने का संदेह है। जांच जारी है और अधिकारियों ने नेटवर्क के विस्तार और बाहरी कनेक्शन पर गहन जांच का वादा किया है।
इस नेटवर्क ने जेल के कैदियों और कर्मचारियों को स्थानीय समुदाय में नशे की दवाएँ पहुँचाने का काम किया, जबकि यूपीआई ऐप्स के जरिए गुमनाम रूप से लेनदेन किया जाता था।
स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि इस रिंग ने जेल के कैदियों और आसपास के क्षेत्र की सुरक्षा पर बुरा असर डाला है। इस खोज के बाद जेल में डिजिटल संचार पर नियंत्रण की समीक्षा की जा रही है।
जांच के दौरान पुलिस ने कई कैदियों और कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है, जिन पर इस रिंग में शामिल होने का संदेह है। जांच जारी है और अधिकारियों ने नेटवर्क के विस्तार और बाहरी कनेक्शन पर गहन जांच का वादा किया है।