📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Waqcku at English Wikipedia
अपराध
कनाडा ने चार पंजाबी युवाओं को जबरन वसूली व संगठित अपराध के आरोप में निर्वासित किया
✍️ Amar Ujala · Punjab
🗓 15 सित. 2026, 03:01 PM
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कनाडा सीमा सेवा एजेंसी ने पंजाबी युवाओं को जबरन वसूली व संगठित अपराध के संदेह में देश से बाहर कर दिया है।
कनाडा सीमा सेवा एजेंसी ने पंजाबी मूल के चार व्यक्तियों—पलविंदर सिंह, जसमेर सिंह, अमितोज बाजवा और साहिबजोत सिंह—को जबरन वसूली और संगठित अपराध में संलिप्तता के संदेह पर निर्वासित किया है। एजेंसी ने बताया कि ये लोग अंतरराष्ट्रीय अपराध नेटवर्क की जांच में पहचाने गए थे और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा माने गए।
पंजाब के इन चारों युवाओं को कनाडा के हवाई अड्डे पर हिरासत में लेकर इमीग्रेशन कानून के तहत निर्वासन की प्रक्रिया शुरू की गई। विस्तृत सबूत सार्वजनिक नहीं किए गए, पर अधिकारियों ने कहा कि इनका संबंध सीमा पार कार्य करने वाले आपराधिक समूहों से है।
यह कदम कनाडा और भारत के बीच संगठित अपराध को रोकने के लिए बढ़ते सहयोग को दर्शाता है, जहाँ प्रवासन मार्गों का दुरुपयोग करने वाले गिरोहों को कड़ी कार्रवाई का सामना करना पड़ता है। इन व्यक्तियों को भारत लौटाया जाएगा, जहाँ आगे की कानूनी कार्रवाई की संभावना है।
कनाडा में कोई गिरफ्तारी नहीं हुई; मामला प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत निपटा गया। एजेंसी ने कहा कि यह निर्णय सार्वजनिक सुरक्षा की रक्षा और इमीग्रेशन प्रणाली की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए लिया गया है।
पंजाब के इन चारों युवाओं को कनाडा के हवाई अड्डे पर हिरासत में लेकर इमीग्रेशन कानून के तहत निर्वासन की प्रक्रिया शुरू की गई। विस्तृत सबूत सार्वजनिक नहीं किए गए, पर अधिकारियों ने कहा कि इनका संबंध सीमा पार कार्य करने वाले आपराधिक समूहों से है।
यह कदम कनाडा और भारत के बीच संगठित अपराध को रोकने के लिए बढ़ते सहयोग को दर्शाता है, जहाँ प्रवासन मार्गों का दुरुपयोग करने वाले गिरोहों को कड़ी कार्रवाई का सामना करना पड़ता है। इन व्यक्तियों को भारत लौटाया जाएगा, जहाँ आगे की कानूनी कार्रवाई की संभावना है।
कनाडा में कोई गिरफ्तारी नहीं हुई; मामला प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत निपटा गया। एजेंसी ने कहा कि यह निर्णय सार्वजनिक सुरक्षा की रक्षा और इमीग्रेशन प्रणाली की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए लिया गया है।