स्थानीय
बिहार की समृद्धि के लिए गौरीशंकर बैकुंठधाम में पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने की पूजा-अर्चना
बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार रविवार की सुबह खुसरूपुर स्थित प्रसिद्ध गौरीशंकर बैकुंठधाम मंदिर पहुंचे। धार्मिक आस्था और अध्यात्म का प्रमुख केंद्र माने जाने वाले इस पवित्र धाम में उनके पुरोहित रामबाबू पण्डा एवं उनके पुत्र चंदन पण्डा ने भगवान शिव एवं माता पार्वती की पूर्ण विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना करायें । मंदिर के गर्भगृह में प्रवेश कर उन्होंने महादेव का जलाभिषेक किया और राज्य में सुख, शांति, आपसी भाईचारे तथा चौमुखी समृद्धि की मंगल कामना की। पूर्व मुख्यमंत्री के इस धार्मिक दौरे से मंदिर प्रबंधन समिति, पुजारियों और स्थानीय श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह और हर्ष का माहौल देखने को मिला। पूजा-अर्चना संपन्न करने के पश्चात उन्होंने परिसर में मौजूद लोगों का सहर्ष अभिवादन स्वीकार किया। इस दौरान बैकुंठधाम मंदिर समिति के सचिव राजाराम सिंह ने उन्हें अंगवस्त्र और प्रसाद भेंट कर सम्मानित किया।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम और यातायात के लिए विशेष रूट डायवर्जन
पूर्व मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर मंदिर परिसर तथा आसपास के संपूर्ण क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजाम किए गए थे। सुरक्षा मापदंडों की समीक्षा के लिए जिला और पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों ने पहले ही पूरे सुरक्षा ढांचे का जायजा लिया, ताकि आम श्रद्धालुओं की सुविधा और पूर्व मुख्यमंत्री की सुरक्षा के बीच संतुलन बना रहे। एहतियात के तौर पर कुछ समय के लिए गर्भगृह में आम प्रवेश पर अस्थायी रोक लगाई गई थी। मंदिर के प्रवेश-निकास द्वारों और मुख्य मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल तथा महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती के साथ सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। खुसरूपुर के मुख्य मार्ग पर ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए विशेष रूट डायवर्जन लागू किया गया था, जिससे आम जनता को किसी प्रकार की यातायात समस्या न हो।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम और यातायात के लिए विशेष रूट डायवर्जन
पूर्व मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर मंदिर परिसर तथा आसपास के संपूर्ण क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजाम किए गए थे। सुरक्षा मापदंडों की समीक्षा के लिए जिला और पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों ने पहले ही पूरे सुरक्षा ढांचे का जायजा लिया, ताकि आम श्रद्धालुओं की सुविधा और पूर्व मुख्यमंत्री की सुरक्षा के बीच संतुलन बना रहे। एहतियात के तौर पर कुछ समय के लिए गर्भगृह में आम प्रवेश पर अस्थायी रोक लगाई गई थी। मंदिर के प्रवेश-निकास द्वारों और मुख्य मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल तथा महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती के साथ सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। खुसरूपुर के मुख्य मार्ग पर ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए विशेष रूट डायवर्जन लागू किया गया था, जिससे आम जनता को किसी प्रकार की यातायात समस्या न हो।