बाबूबरही विधानसभा में कमला नदी पर पुल निर्माण की मांग तेज, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मिलीं जनप्रतिनिधि
बाबूबरही विधानसभा में कमला नदी पर पुल निर्माण की मांग तेज, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मिलीं जनप्रतिनिधि
बाबूबरही विधानसभा में कमला नदी पर पुल निर्माण की मांग तेज, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मिलीं जनप्रतिनिधि
मधुबनी। बाबूबरही विधानसभा क्षेत्र के सर्वांगीण विकास और जनसमस्याओं के समाधान को लेकर क्षेत्र की जनप्रतिनिधि ने बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से शिष्टाचार मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र की मूलभूत आवश्यकताओं, विकास कार्यों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की। मुलाकात के दौरान कन्हौली-भकुआ के बीच कमला नदी पर पुल निर्माण का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया।
जनप्रतिनिधि ने मुख्यमंत्री को लदनिया भाया ठाहर-मधुबनी पथ पर कन्हौली और भकुआ के बीच कमला नदी पर पुल निर्माण की आवश्यकता से अवगत कराया। उन्होंने इस संबंध में मुख्यमंत्री को एक पत्र भी सौंपा और पुल निर्माण की दिशा में आवश्यक पहल करने का आग्रह किया। उनका कहना था कि इस पुल के निर्माण से क्षेत्र के लोगों को आवागमन में सुविधा मिलेगी तथा आसपास के इलाकों में विकास की गति तेज होगी।
मुलाकात के बाद जनप्रतिनिधि ने बताया कि मुख्यमंत्री ने बाबूबरही विधानसभा क्षेत्र के विकास से जुड़े मुद्दों को गंभीरता से सुना और हरसंभव प्रयास करने का आश्वासन दिया। उन्होंने दावा किया कि कमला नदी पर प्रस्तावित पुल के निर्माण को लेकर भी सकारात्मक आश्वासन मिला है। उन्होंने क्षेत्र की जनता को भरोसा दिलाते हुए कहा कि पुल निर्माण के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं और जल्द ही इस दिशा में सकारात्मक परिणाम आने की उम्मीद है।
इस अवसर पर उन्होंने बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के विकास संबंधी दृष्टिकोण का उल्लेख करते हुए कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं में सुधार के लिए हरसंभव प्रयास किया जाना चाहिए, ताकि बिहार विकास के पथ पर आगे बढ़ सके।
जनप्रतिनिधि ने कहा कि बाबूबरही विधानसभा क्षेत्र में बेहतर सड़क, पुल-पुलिया, सुगम आवागमन और अन्य बुनियादी सुविधाओं का विस्तार उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की जनता की समस्याओं को सरकार के समक्ष मजबूती से उठाना और उनके समाधान के लिए निरंतर प्रयास करना उनकी प्रतिबद्धता है।
अब क्षेत्रवासियों की निगाहें कमला नदी पर प्रस्तावित पुल के निर्माण की दिशा में होने वाली अगली कार्रवाई पर टिकी हैं। पुल का निर्माण होने से स्थानीय लोगों को आवागमन में कितनी राहत मिलेगी, यह परियोजना के क्रियान्वयन और निर्माण कार्य शुरू होने पर स्पष्ट होगा।
मधुबनी। बाबूबरही विधानसभा क्षेत्र के सर्वांगीण विकास और जनसमस्याओं के समाधान को लेकर क्षेत्र की जनप्रतिनिधि ने बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से शिष्टाचार मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र की मूलभूत आवश्यकताओं, विकास कार्यों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की। मुलाकात के दौरान कन्हौली-भकुआ के बीच कमला नदी पर पुल निर्माण का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया।
जनप्रतिनिधि ने मुख्यमंत्री को लदनिया भाया ठाहर-मधुबनी पथ पर कन्हौली और भकुआ के बीच कमला नदी पर पुल निर्माण की आवश्यकता से अवगत कराया। उन्होंने इस संबंध में मुख्यमंत्री को एक पत्र भी सौंपा और पुल निर्माण की दिशा में आवश्यक पहल करने का आग्रह किया। उनका कहना था कि इस पुल के निर्माण से क्षेत्र के लोगों को आवागमन में सुविधा मिलेगी तथा आसपास के इलाकों में विकास की गति तेज होगी।
मुलाकात के बाद जनप्रतिनिधि ने बताया कि मुख्यमंत्री ने बाबूबरही विधानसभा क्षेत्र के विकास से जुड़े मुद्दों को गंभीरता से सुना और हरसंभव प्रयास करने का आश्वासन दिया। उन्होंने दावा किया कि कमला नदी पर प्रस्तावित पुल के निर्माण को लेकर भी सकारात्मक आश्वासन मिला है। उन्होंने क्षेत्र की जनता को भरोसा दिलाते हुए कहा कि पुल निर्माण के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं और जल्द ही इस दिशा में सकारात्मक परिणाम आने की उम्मीद है।
इस अवसर पर उन्होंने बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के विकास संबंधी दृष्टिकोण का उल्लेख करते हुए कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं में सुधार के लिए हरसंभव प्रयास किया जाना चाहिए, ताकि बिहार विकास के पथ पर आगे बढ़ सके।
जनप्रतिनिधि ने कहा कि बाबूबरही विधानसभा क्षेत्र में बेहतर सड़क, पुल-पुलिया, सुगम आवागमन और अन्य बुनियादी सुविधाओं का विस्तार उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की जनता की समस्याओं को सरकार के समक्ष मजबूती से उठाना और उनके समाधान के लिए निरंतर प्रयास करना उनकी प्रतिबद्धता है।
अब क्षेत्रवासियों की निगाहें कमला नदी पर प्रस्तावित पुल के निर्माण की दिशा में होने वाली अगली कार्रवाई पर टिकी हैं। पुल का निर्माण होने से स्थानीय लोगों को आवागमन में कितनी राहत मिलेगी, यह परियोजना के क्रियान्वयन और निर्माण कार्य शुरू होने पर स्पष्ट होगा।