विज्ञान
अरुणाचल में दुर्लभ पौधे की पुनः खोज
दुर्लभ हिमालयी पौधे साइनैंथस हुकेरी को 158 वर्षों के बाद अरुणाचल में पुनः खोजा गया है। यह पौधा आखिरी बार 1864 में इस क्षेत्र में देखा गया था।
10 जुल. 2026
छत्तीसगढ़ रिज़र्व ने शुरू की अभिनव संरक्षण पहल
छत्तीसगढ़ रिज़र्व ने अपनी सीमाओं के भीतर वन्यजीव और आवासों की रक्षा के लिए एक नई संरक्षण पहल की घोषणा की है।
10 जुल. 2026
झारखंड में पहली नाभिकीय विद्युत संयंत्र, 14 समझौते पर हस्ताक्षर
झारखंड ने पहली नाभिकीय विद्युत संयंत्र स्थापित करने का निर्णय लिया है, परियोजना के लिए 14 समझौते पर हस्ताक्षर हुए हैं।
10 जुल. 2026
मुंबई के वैज्ञानिकों ने अरुणाचल प्रदेश में नई फूलों वाली वृक्ष प्रजाति की पहचान की
मुंबई के शोधकर्ताओं की एक टीम ने अरुणाचल प्रदेश के वन्य क्षेत्र में एक नई फूलों वाली वृक्ष प्रजाति की पहचान की, जिससे क्षेत्र की वनस्पति विविधता में नया योगदान हुआ।
10 जुल. 2026
अरुणाचल प्रदेश में 158 वर्ष बाद अल्पाइन फूल का पुनः खोज
वैज्ञानिकों ने अरुणाचल प्रदेश में एक दुर्लभ अल्पाइन फूल की खोज की, जो 158 वर्षों के बाद पहली बार पाया गया।
10 जुल. 2026
हिमालयी फूल 158 साल बाद फिर से खिला
अरुणाचल प्रदेश में 158 साल बाद हिमालयी फूल फिर से खिला है। इस लुप्तप्राय फूल के पुनः प्रकट होने से यह एक महत्वपूर्ण खोज है।
10 जुल. 2026
अरुणाचल प्रदेश में 158 साल बाद दुर्लभ हिमालयी फूल मिला
अरुणाचल प्रदेश में 158 साल बाद एक दुर्लभ हिमालयी फूल मिला है. यह फूल राज्य के क्षेत्र में पाया गया है.
10 जुल. 2026
दुर्लभ हिमालयन फूल मिला
158 वर्षों से लापता एक दुर्लभ हिमालयन फूल अरुणाचल प्रदेश में मिला है। यह खोज भारत में एक महत्वपूर्ण वनस्पति खोज है।
10 जुल. 2026
भागलपुर में मिले प्राचीन वृक्ष जीवाश्मों की होगी वैज्ञानिक जांच
भागलपुर में मिले करोड़ों साल पुराने वृक्ष जीवाश्मों की आयु और विशेषताओं का पता लगाने के लिए लखनऊ में वैज्ञानिक जांच की जाएगी।
08 जुल. 2026
भागलपुर, बिहार में लाखों वर्ष पुराना वृक्ष जीवाश्म मिला
बिहार के भागलपुर में लाखों वर्ष पुराना वृक्ष जीवाश्म मिला है। वैज्ञानिक जांच के लिए नमूना लखनऊ भेजा गया है।
08 जुल. 2026
मिजोरम में पहली बार भारत में खोजी गईं चमगादड़ की दो नई प्रजातियां
मिजोरम में हाल ही में हुए एक सर्वेक्षण के दौरान भारत में पहले कभी दर्ज न की गई चमगादड़ की दो नई प्रजातियों की महत्वपूर्ण खोज हुई है। यह खोज देश के जैव विविधता रिकॉर्ड में एक उल्लेखनीय वृद्धि है।
08 जुल. 2026
मिजोरम का प्राकृतिक इतिहास संग्रहालय भारत का 21वां जैव विविधता भंडार बना
मिजोरम के प्राकृतिक इतिहास संग्रहालय को भारत के 21वें जैव विविधता भंडार के रूप में नामित किया गया है, जो इस क्षेत्र की समृद्ध प्राकृतिक विरासत के संरक्षण और प्रदर्शन में इसके महत्व को दर्शाता है।
08 जुल. 2026