📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Election Commission of India
राजनीति
मतदाता सूची में नाम जोड़ने की प्रक्रिया में बीएलओ दो बार बदले, आवेदकों को उलझन
✍️ Amar Ujala · Delhi
🗓 30 सित. 2026, 08:01 AM
👁 14
दिल्ली में मतदाता सूची में नाम जोड़ने की कोशिश कर रहे आवेदकों को बीएलओ दो बार बदलने के कारण नई उलझन का सामना करना पड़ रहा है।
दिल्ली में मतदाता सूची में नए नाम जोड़ने की प्रक्रिया में अप्रत्याशित अड़चन आई है। केवल तीन दिनों में, नामांकन की पुष्टि करने वाले बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) को दो बार बदल दिया गया, जिससे आवेदन करने वालों में भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो गई।
रिपोर्टों के अनुसार, नंबर आयोग ने बीएलओ के पुनः नियोजन के बारे में एक नोटिस जारी किया। जब कई आवेदकों ने स्पष्टीकरण के लिए आयोग को फोन किया, तो उन्हें केवल "आप कौन?" का उत्तर मिला।
बीएलओ का कार्य पते के प्रमाण और अन्य दस्तावेज़ों की पुष्टि करना है; अचानक बदलाव इस प्रक्रिया को बाधित कर देते हैं। स्पष्ट संचार की कमी के कारण कई संभावित मतदाता अपने आवेदन की स्थिति और आगे की कार्रवाई को लेकर अनिश्चित हैं।
अभी तक चुनाव अधिकारियों ने इस तेज़ बदलाव का विस्तृत कारण नहीं बताया है, पर अंदरूनी पुनः नियोजन या प्रशासनिक त्रुटि के कारण यह हो सकता है। आवेदकों को भारतीय चुनाव आयोग और नंबर आयोग के आधिकारिक अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
यह घटना दिल्ली जैसे बड़े शहर में मतदाता पंजीकरण प्रक्रिया की चुनौतियों को उजागर करती है, जहाँ आवेदन की संख्या बहुत अधिक होती है।
रिपोर्टों के अनुसार, नंबर आयोग ने बीएलओ के पुनः नियोजन के बारे में एक नोटिस जारी किया। जब कई आवेदकों ने स्पष्टीकरण के लिए आयोग को फोन किया, तो उन्हें केवल "आप कौन?" का उत्तर मिला।
बीएलओ का कार्य पते के प्रमाण और अन्य दस्तावेज़ों की पुष्टि करना है; अचानक बदलाव इस प्रक्रिया को बाधित कर देते हैं। स्पष्ट संचार की कमी के कारण कई संभावित मतदाता अपने आवेदन की स्थिति और आगे की कार्रवाई को लेकर अनिश्चित हैं।
अभी तक चुनाव अधिकारियों ने इस तेज़ बदलाव का विस्तृत कारण नहीं बताया है, पर अंदरूनी पुनः नियोजन या प्रशासनिक त्रुटि के कारण यह हो सकता है। आवेदकों को भारतीय चुनाव आयोग और नंबर आयोग के आधिकारिक अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
यह घटना दिल्ली जैसे बड़े शहर में मतदाता पंजीकरण प्रक्रिया की चुनौतियों को उजागर करती है, जहाँ आवेदन की संख्या बहुत अधिक होती है।