📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ministry of Health and Family Welfare
राजनीति
उत्तarakhand CM ने राज्य के रोपवे प्रोजेक्ट्स को तेज़ी से पूरा करने का आह्वान किया
✍️ The News Mill
🗓 25 अग. 2026, 04:07 AM
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उत्तarakhand के मुख्यमंत्री ने पर्यटन और कनेक्टिविटी को बढ़ाने वाले रोपवे प्रोजेक्ट्स को शीघ्र पूरा करने का आग्रह किया।
नई दिल्ली — उत्तराखंड के मुख्यमंत्री ने राज्य के लंबित रोपवे प्रोजेक्ट्स पर चर्चा करते हुए, बढ़ती पर्यटन मांग को पूरा करने के लिए तेज़ कार्यान्वयन की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने बताया कि कई पहाड़ी जिलों में ऐसे रोपवे लिंक की प्रतीक्षा है जो यात्रा समय को कम कर स्थानीय और पर्यटकों दोनों की सुरक्षा में सुधार कर सकते हैं।
मुख्यमंत्री ने राज्य बुनियादी ढांचा विभाग और निजी साझेदारों से भूमि अधिग्रहण संबंधी मुद्दों को सुलझाने और आवश्यक मंजूरी प्रक्रिया को शीघ्रता से पूरा करने का आग्रह किया। साथ ही उन्होंने केंद्र सरकार से बकाया फंडों को जारी करने की अपील की ताकि परियोजनाओं को समय पर पूरा किया जा सके।
अधिकारियों का कहना है कि इन रोपवे को तेज़ी से लागू करना उत्तराखंड की पहाड़ी भूभाग में सतत परिवहन समाधान विकसित करने की व्यापक योजना के अनुरूप है, जिससे रोजगार सृजन और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी में सुधार होगा।
मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि प्रगति को ट्रैक करने और बाधाओं को तुरंत दूर करने के लिए नियमित निगरानी तंत्र स्थापित किए जाएंगे, जिसका लक्ष्य अगले दो वर्षों के भीतर रोपवे को चालू करना है।
हितधारकों से उम्मीद है कि इस महीने के अंत में एक बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें परियोजना रोडमैप को अंतिम रूप दिया जाएगा और त्वरित कार्यवाही के लिए संसाधन आवंटित किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने राज्य बुनियादी ढांचा विभाग और निजी साझेदारों से भूमि अधिग्रहण संबंधी मुद्दों को सुलझाने और आवश्यक मंजूरी प्रक्रिया को शीघ्रता से पूरा करने का आग्रह किया। साथ ही उन्होंने केंद्र सरकार से बकाया फंडों को जारी करने की अपील की ताकि परियोजनाओं को समय पर पूरा किया जा सके।
अधिकारियों का कहना है कि इन रोपवे को तेज़ी से लागू करना उत्तराखंड की पहाड़ी भूभाग में सतत परिवहन समाधान विकसित करने की व्यापक योजना के अनुरूप है, जिससे रोजगार सृजन और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी में सुधार होगा।
मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि प्रगति को ट्रैक करने और बाधाओं को तुरंत दूर करने के लिए नियमित निगरानी तंत्र स्थापित किए जाएंगे, जिसका लक्ष्य अगले दो वर्षों के भीतर रोपवे को चालू करना है।
हितधारकों से उम्मीद है कि इस महीने के अंत में एक बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें परियोजना रोडमैप को अंतिम रूप दिया जाएगा और त्वरित कार्यवाही के लिए संसाधन आवंटित किए जाएंगे।