📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Prateek Priyadeep
धर्म
उज्जैन के महाकाल लोक में स्थापित होंगी बंसी पहाड़पुर पत्थर की भव्य सप्तऋषि, शिव और बृहस्पति प्रतिमाएँ
✍️ Amar Ujala · Ujjain
🗓 31 अग. 2026, 08:47 AM
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उज्जैन के महाकाल लोक में पुराने फाइबर की प्रतिमाओं को बदलकर बंसी‑पहाड़पुर के लाल बलुआ पत्थर से बनी सप्तऋषि, शिव और बृहस्पति की भव्य मूर्तियों की स्थापना की जाएगी, जिनमें से अधिकांश तैयार हैं।
उज्जैन के महाकाल लोक में पुराने फाइबर की प्रतिमाओं को बदलकर बंसी‑पहाड़पुर, राजस्थान के लाल बलुआ पत्थर से बनी नई मूर्तियों की स्थापना की जाएगी। इस परियोजना में सप्तऋषि, भगवान शिव और ग्रह गुरु बृहस्पति की भव्य प्रतिमाएँ शामिल हैं।
आयोजकों का कहना है कि पत्थर की प्रतिमाएँ अधिक टिकाऊ और पारंपरिक शिल्पकला के अनुरूप होंगी। लाल बलुआ पत्थर अपनी महीन बनावट और उज्ज्वल रंग के कारण नक्काशी के लिए उपयुक्त माना जाता है।
इनमें से अधिकांश प्रतिमाएँ पहले ही तैयार हो चुकी हैं और महाकाल लोक में स्थापित करने की प्रतीक्षा में हैं। नई मूर्तियों का अनावरण इस वर्ष के अंत में किसी समारोह में किया जाएगा, हालांकि सटीक तिथि अभी तय नहीं हुई है।
यह कदम धार्मिक विरासत को संरक्षित करने और स्थानीय सामग्री के उपयोग को बढ़ावा देने के व्यापक प्रयास का हिस्सा है। यह उज्जैन को एक प्रमुख तीर्थस्थल के रूप में और अधिक महत्व देगा।
आयोजकों का कहना है कि पत्थर की प्रतिमाएँ अधिक टिकाऊ और पारंपरिक शिल्पकला के अनुरूप होंगी। लाल बलुआ पत्थर अपनी महीन बनावट और उज्ज्वल रंग के कारण नक्काशी के लिए उपयुक्त माना जाता है।
इनमें से अधिकांश प्रतिमाएँ पहले ही तैयार हो चुकी हैं और महाकाल लोक में स्थापित करने की प्रतीक्षा में हैं। नई मूर्तियों का अनावरण इस वर्ष के अंत में किसी समारोह में किया जाएगा, हालांकि सटीक तिथि अभी तय नहीं हुई है।
यह कदम धार्मिक विरासत को संरक्षित करने और स्थानीय सामग्री के उपयोग को बढ़ावा देने के व्यापक प्रयास का हिस्सा है। यह उज्जैन को एक प्रमुख तीर्थस्थल के रूप में और अधिक महत्व देगा।