📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Prime Minister's Office
राजनीति
तेलंगाना उपमुख्यमंत्री ने तीन साल के कल्याण योजनाओं की घोषणा की
✍️ News18
🗓 25 अक्टू. 2026, 06:35 AM
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उपमुख्यमंत्री के. टी. रामराव ने अगले तीन वर्षों के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा और कृषि सहित कल्याण योजनाओं का विवरण दिया।
हैदराबाद, २५ अक्टूबर (न्यूज़18) – तेलंगाना के उपमुख्यमंत्री के. टी. रामराव ने अगले तीन वर्षों में लागू करने के लिये राज्य की कल्याण योजनाओं की विस्तृत सूची पेश की। इस योजना में कम आय वाले परिवारों के लिये नया स्वास्थ्य बीमा, स्कूल‑कॉलेज छात्रों के लिये छात्रवृत्ति, और छोटे किसानों को आधुनिक सिंचाई तकनीक अपनाने के लिये सब्सिडी शामिल है।
रामराव ने बताया कि ये पहल ग्रामीण‑शहरी दोनों क्षेत्रों में गरीबी घटाने और मानव विकास सूचकांकों को सुधारने के लिये लक्षित हैं। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य योजना मौजूदा आरोग्य योजना को विस्तारित कर २०२७ तक दो मिलियन अतिरिक्त लाभार्थियों को कवर करेगी।
शिक्षा क्षेत्र में मेरिट‑आधारित छात्रवृत्ति और सरकारी स्कूलों के छात्रों को मुफ्त डिजिटल लर्निंग डिवाइस प्रदान करने की योजना है। कृषि में बढ़ी हुई क्रेडिट सुविधा और फसल विविधीकरण को प्रोत्साहित करने के लिये सीधा नकद हस्तांतरण शामिल होगा।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि यह तीन‑साल का रोडमैप राज्य की समावेशी विकास दृष्टि के अनुरूप है और इसे राज्य के संसाधनों तथा केंद्र सरकार के अनुदानों के मिश्रण से वित्त पोषित किया जाएगा। प्रत्येक योजना की प्रगति को पारदर्शिता और समयबद्ध कार्यान्वयन सुनिश्चित करने के लिये एक विशेष डैशबोर्ड के माध्यम से ट्रैक किया जाएगा।
यह घोषणा आगामी बजट सत्र से पहले आई है, जहाँ प्रत्येक योजना के लिये विस्तृत आवंटन विधायी सभा में प्रस्तुत किए जाने की उम्मीद है।
रामराव ने बताया कि ये पहल ग्रामीण‑शहरी दोनों क्षेत्रों में गरीबी घटाने और मानव विकास सूचकांकों को सुधारने के लिये लक्षित हैं। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य योजना मौजूदा आरोग्य योजना को विस्तारित कर २०२७ तक दो मिलियन अतिरिक्त लाभार्थियों को कवर करेगी।
शिक्षा क्षेत्र में मेरिट‑आधारित छात्रवृत्ति और सरकारी स्कूलों के छात्रों को मुफ्त डिजिटल लर्निंग डिवाइस प्रदान करने की योजना है। कृषि में बढ़ी हुई क्रेडिट सुविधा और फसल विविधीकरण को प्रोत्साहित करने के लिये सीधा नकद हस्तांतरण शामिल होगा।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि यह तीन‑साल का रोडमैप राज्य की समावेशी विकास दृष्टि के अनुरूप है और इसे राज्य के संसाधनों तथा केंद्र सरकार के अनुदानों के मिश्रण से वित्त पोषित किया जाएगा। प्रत्येक योजना की प्रगति को पारदर्शिता और समयबद्ध कार्यान्वयन सुनिश्चित करने के लिये एक विशेष डैशबोर्ड के माध्यम से ट्रैक किया जाएगा।
यह घोषणा आगामी बजट सत्र से पहले आई है, जहाँ प्रत्येक योजना के लिये विस्तृत आवंटन विधायी सभा में प्रस्तुत किए जाने की उम्मीद है।