📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Subhashish Panigrahi
राजनीति
सुप्रीम कोर्ट ने बानाकचेरला परियोजना पर आंध्र प्रदेश को नोटिस देने के लिए तेलंगाना के याचिका को खारिज किया
✍️ The Times of India
🗓 14 जुल. 2026, 12:34 PM
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सुप्रीम कोर्ट ने बानाकचेरला परियोजना से संबंधित तेलंगाना की आंध्र प्रदेश को नोटिस देने की याचिका को खारिज कर दिया, जिससे विवाद अनसुलझा रह गया।
सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया ने बानाकचेरला परियोजना से संबंधित आंध्र प्रदेश को नोटिस देने के लिए तेलंगाना की याचिका को खारिज कर दिया। यह आदेश मंगलवार को जारी किया गया, जिसमें कहा गया कि इस समय अदालत इस अंतर‑राज्य विवाद में हस्तक्षेप नहीं करेगी।
बानाकचेरला परियोजना, कर्नाटक नदी पर आधारित एक बड़ी सिंचाई और जलविद्युत योजना, कई वर्षों से दोनों राज्यों के बीच विवाद का विषय रही है। दोनों राज्यों का दावा है कि वे पानी के संसाधनों और संबंधित बुनियादी ढांचे के मालिक हैं।
तेलंगाना की याचिका में कहा गया कि आंध्र प्रदेश की कार्रवाइयाँ उसके जल अधिकारों का उल्लंघन कर रही हैं और उसके हितों की रक्षा के लिए नोटिस आवश्यक है। सुप्रीम कोर्ट ने पाया कि याचिका तत्काल नोटिस के लिए पर्याप्त नहीं है और इस पर कार्रवाई नहीं करेगा।
इस निर्णय का मतलब है कि परियोजना पर कानूनी लड़ाई निचली अदालतों में जारी रहेगी, और दोनों राज्यों को सुप्रीम कोर्ट के सीधे हस्तक्षेप के बिना समाधान पर बातचीत करनी होगी।
बानाकचेरला परियोजना, कर्नाटक नदी पर आधारित एक बड़ी सिंचाई और जलविद्युत योजना, कई वर्षों से दोनों राज्यों के बीच विवाद का विषय रही है। दोनों राज्यों का दावा है कि वे पानी के संसाधनों और संबंधित बुनियादी ढांचे के मालिक हैं।
तेलंगाना की याचिका में कहा गया कि आंध्र प्रदेश की कार्रवाइयाँ उसके जल अधिकारों का उल्लंघन कर रही हैं और उसके हितों की रक्षा के लिए नोटिस आवश्यक है। सुप्रीम कोर्ट ने पाया कि याचिका तत्काल नोटिस के लिए पर्याप्त नहीं है और इस पर कार्रवाई नहीं करेगा।
इस निर्णय का मतलब है कि परियोजना पर कानूनी लड़ाई निचली अदालतों में जारी रहेगी, और दोनों राज्यों को सुप्रीम कोर्ट के सीधे हस्तक्षेप के बिना समाधान पर बातचीत करनी होगी।