📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Pinakpani
देश
सुप्रीम कोर्ट ने दिवाली पर 'ग्रीन' पटाखों के उपयोग को दी मंजूरी, बिक्री नियम स्पष्ट
✍️ Amar Ujala · Delhi
🗓 02 नव. 2026, 07:02 PM
👁 25
सुप्रीम कोर्ट ने दिवाली में ग्रीन पटाखों के प्रयोग को मंजूरी दी है और उनकी बिक्री‑खरीद के लिए नियम निर्धारित किए हैं।
नई दिल्ली – सुप्रीम कोर्ट ने यह स्पष्ट किया कि कम प्रदूषण उत्पन्न करने वाले "ग्रीन" पटाखों को दिवाली के अवसर पर इस्तेमाल किया जा सकता है। कोर्ट ने इन पटाखों को पारंपरिक पटाखों से अलग बताया, क्योंकि इन्हें स्वच्छ रासायनिक मिश्रण और कम धुएँ के साथ तैयार किया जाता है।
न्यायालय ने विक्रेताओं के लिए नियम भी निर्धारित किए। सभी विक्रेताओं को वैध लाइसेंस रखना होगा, प्रत्येक पैकेज पर ग्रीन प्रमाणपत्र स्पष्ट रूप से दिखाना होगा और पर्यावरण मंत्रालय द्वारा निर्धारित प्रदूषण मानकों को पूरा करना अनिवार्य है। बिना प्रमाणपत्र वाले या गैर‑मान्य पटाखों की खरीद पर प्रतिबंध लगाया गया है।
पर्यावरण संगठनों ने इस निर्णय का स्वागत किया, यह कहते हुए कि यह सांस्कृतिक परम्पराओं और सार्वजनिक स्वास्थ्य दोनों को संतुलित करता है। उन्होंने नकली "ग्रीन" उत्पादों के प्रचलन को रोकने के लिए कड़ी निगरानी की भी मांग की।
यह फैसला त्योहार के मौसम से पहले आया है, जब कई राज्यों में उच्च प्रदूषण वाले क्षेत्रों में पटाखों पर प्रतिबंध कड़ा किया जा रहा है। सुप्रीम कोर्ट के दिशा‑निर्देश पूरे देश में एक समान नियमावली प्रदान करने का लक्ष्य रखते हैं।
उपभोक्ताओं को सलाह दी गई है कि दिवाली के लिए पटाखे खरीदते समय आधिकारिक ग्रीन लेबल देखें और विक्रेता के लाइसेंस की पुष्टि करें।
न्यायालय ने विक्रेताओं के लिए नियम भी निर्धारित किए। सभी विक्रेताओं को वैध लाइसेंस रखना होगा, प्रत्येक पैकेज पर ग्रीन प्रमाणपत्र स्पष्ट रूप से दिखाना होगा और पर्यावरण मंत्रालय द्वारा निर्धारित प्रदूषण मानकों को पूरा करना अनिवार्य है। बिना प्रमाणपत्र वाले या गैर‑मान्य पटाखों की खरीद पर प्रतिबंध लगाया गया है।
पर्यावरण संगठनों ने इस निर्णय का स्वागत किया, यह कहते हुए कि यह सांस्कृतिक परम्पराओं और सार्वजनिक स्वास्थ्य दोनों को संतुलित करता है। उन्होंने नकली "ग्रीन" उत्पादों के प्रचलन को रोकने के लिए कड़ी निगरानी की भी मांग की।
यह फैसला त्योहार के मौसम से पहले आया है, जब कई राज्यों में उच्च प्रदूषण वाले क्षेत्रों में पटाखों पर प्रतिबंध कड़ा किया जा रहा है। सुप्रीम कोर्ट के दिशा‑निर्देश पूरे देश में एक समान नियमावली प्रदान करने का लक्ष्य रखते हैं।
उपभोक्ताओं को सलाह दी गई है कि दिवाली के लिए पटाखे खरीदते समय आधिकारिक ग्रीन लेबल देखें और विक्रेता के लाइसेंस की पुष्टि करें।