📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Shagil Kannur
मनोरंजन
एस. जानीकी: दक्षिण भारत की नाइटिंगेल, 20 भाषाओं में 40,000 से अधिक गानों की विरासत
✍️ NewsGram
🗓 15 जुल. 2026, 06:34 AM
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प्रसिद्ध प्लेबैक गायक एस. जानीकी ने 20 से अधिक भाषाओं में 40,000 से अधिक गाने रिकॉर्ड किए हैं, जिससे उन्हें दक्षिण भारत की नाइटिंगेल का खिताब मिला है।
एस. जानीकी, जिन्हें दक्षिण भारत की नाइटिंगेल कहा जाता है, का करियर कई दशकों तक फैला हुआ है। उनके बहुमुखी स्वर और भावपूर्ण प्रस्तुति ने उन्हें देशभर में प्रशंसा दिलाई।
उनका संगीत संग्रह 40,000 से अधिक गानों का है, जो उनके अथक परिश्रम और समर्पण को दर्शाता है। इन गानों में शास्त्रीय से लेकर समकालीन फ़िल्मी संगीत तक के विविध शैली शामिल हैं।
जानीकी की भाषाई बहुमुखी प्रतिभा 20 से अधिक भाषाओं में उनके कार्य से स्पष्ट होती है, जिनमें तमिल, तेलुगु, कन्नड़, मलयालम, हिंदी और अन्य भाषाएँ शामिल हैं। विभिन्न संगीत परंपराओं में अपने स्वर को ढालने की उनकी क्षमता ने उन्हें कई क्षेत्रीय उद्योगों में प्रिय बना दिया।
उनकी मृत्यु के बाद भी, उनका संगीत नई पीढ़ी के गायक और श्रोताओं को प्रेरित करता रहता है, जिससे उनकी विरासत भारतीय प्लेबैक गायन की एक शाश्वत प्रतीक के रूप में स्थापित होती है।
उनका संगीत संग्रह 40,000 से अधिक गानों का है, जो उनके अथक परिश्रम और समर्पण को दर्शाता है। इन गानों में शास्त्रीय से लेकर समकालीन फ़िल्मी संगीत तक के विविध शैली शामिल हैं।
जानीकी की भाषाई बहुमुखी प्रतिभा 20 से अधिक भाषाओं में उनके कार्य से स्पष्ट होती है, जिनमें तमिल, तेलुगु, कन्नड़, मलयालम, हिंदी और अन्य भाषाएँ शामिल हैं। विभिन्न संगीत परंपराओं में अपने स्वर को ढालने की उनकी क्षमता ने उन्हें कई क्षेत्रीय उद्योगों में प्रिय बना दिया।
उनकी मृत्यु के बाद भी, उनका संगीत नई पीढ़ी के गायक और श्रोताओं को प्रेरित करता रहता है, जिससे उनकी विरासत भारतीय प्लेबैक गायन की एक शाश्वत प्रतीक के रूप में स्थापित होती है।