📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Himanshu Arya Khowal
राजनीति
राहुल गांधी ने पेपर लीक बिल पर 50 मिनट की तिराना, संसद में हंगामा
✍️ Amar Ujala
🗓 30 जुल. 2026, 12:40 PM
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पेपर लीक बिल पर 50 मिनट के भाषण में राहुल गांधी ने भाजपा और आरएसएस पर कड़ी आलोचना की, जिससे कई भाजपा सांसद संसद में उठ खड़े हुए।
राहुल गांधी ने गुरुवार को संसद में पेपर लीक बिल पर 50 मिनट का भाषण दिया। उन्होंने बिल को प्रेस स्वतंत्रता पर रोक लगाने का प्रयास बताया और भाजपा व आरएसएस पर "मूर्खतापूर्ण" और "अंधभक्त" होने का आरोप लगाया।
भाषण के दौरान गांधी ने भाजपा को आलोचना की कि वह आलोचकों को चुप कराने के लिये बिल का इस्तेमाल कर रही है और आरएसएस के सरकार पर प्रभाव डालने का आरोप भी लगाया। उन्होंने विपक्ष के समर्थकों को "अंधभक्त" कहा और बिल की वैधता पर सवाल उठाया।
इस तिराने से संसद में कई भाजपा सांसद उठ खड़े हुए, नाराज़गी जताई और सरकार से जवाब माँगा। सत्र कुछ समय के लिए रोका गया जब विपक्ष के सदस्यों ने बिल के खिलाफ अपनी बात रखने की कोशिश की।
यह घटना सरकार और विपक्ष के बीच मीडिया स्वतंत्रता और राजनीतिक जवाबदेही पर बढ़ते संघर्ष को दर्शाती है। राहुल गांधी के बयानों से आने वाले दिनों में पेपर लीक बिल पर बहस और भी तेज हो सकती है।
सत्र थोड़ी देर के बाद फिर से शुरू हुआ, जहाँ सरकार ने बिल के समर्थन को दोहराया और इसके प्रावधानों पर और स्पष्टीकरण देने का वादा किया।
भाषण के दौरान गांधी ने भाजपा को आलोचना की कि वह आलोचकों को चुप कराने के लिये बिल का इस्तेमाल कर रही है और आरएसएस के सरकार पर प्रभाव डालने का आरोप भी लगाया। उन्होंने विपक्ष के समर्थकों को "अंधभक्त" कहा और बिल की वैधता पर सवाल उठाया।
इस तिराने से संसद में कई भाजपा सांसद उठ खड़े हुए, नाराज़गी जताई और सरकार से जवाब माँगा। सत्र कुछ समय के लिए रोका गया जब विपक्ष के सदस्यों ने बिल के खिलाफ अपनी बात रखने की कोशिश की।
यह घटना सरकार और विपक्ष के बीच मीडिया स्वतंत्रता और राजनीतिक जवाबदेही पर बढ़ते संघर्ष को दर्शाती है। राहुल गांधी के बयानों से आने वाले दिनों में पेपर लीक बिल पर बहस और भी तेज हो सकती है।
सत्र थोड़ी देर के बाद फिर से शुरू हुआ, जहाँ सरकार ने बिल के समर्थन को दोहराया और इसके प्रावधानों पर और स्पष्टीकरण देने का वादा किया।