📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / करीर at hi.wikipedia
स्वास्थ्य
सागर में जहरीली शराब कांड: नौ मौतें, सीएम मोहन ने सख्त कार्रवाई का वादा
✍️ Amar Ujala · Sagar
🗓 06 सित. 2026, 12:17 PM
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मध्य प्रदेश के सागर जिले के बंडा तहसील में संदिग्ध जहरीली शराब पीने से नौ लोगों की मौत हुई। सीएम शिवराज सिंह मोहन ने शराब तस्करी पर कड़ी कार्रवाई का ऐलान किया।
मध्य प्रदेश के सागर जिले के बंडा तहसील में संदिग्ध जहरीली शराब के सेवन से नौ लोगों की मौत हो गई, स्थानीय अधिकारियों ने बताया। पीड़ित, जो स्थानीय तौर पर बनायीं जाने वाली शराब के नियमित उपभोक्ता थे, शराब पीने के बाद गंभीर हालत में पड़ गए और पास के अस्पतालों में उनका निधन हो गया।
राज्य ने इस घातक शराब के स्रोत की जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने क्षेत्र के हाईवे पर एक चक्काजाम लगा कर शेष स्टॉक को जब्त करने और उत्पादन‑वितरण में शामिल लोगों को पकड़ने का कदम उठाया है।
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह मोहन ने मीडिया से कहा कि इस कांड की कड़ी निंदा की गई है और "सख्त और तेज़" कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग, पुलिस और एक्साइस विभाग को मिलाकर एक व्यापक जांच का आदेश दिया, ताकि जिम्मेदारों की पहचान हो सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
यह घटना ग्रामीण मध्य प्रदेश में नकली शराब की व्यापकता को फिर से उजागर करती है, जिससे कड़े नियमन और जनजागरूकता अभियानों की मांग बढ़ रही है।
पीड़ितों के परिवारों को जांच में सहयोग करने का अनुरोध किया गया है, जबकि जिला प्रशासन द्वारा प्रभावित लोगों के लिए राहत उपायों की व्यवस्था की जा रही है।
राज्य ने इस घातक शराब के स्रोत की जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने क्षेत्र के हाईवे पर एक चक्काजाम लगा कर शेष स्टॉक को जब्त करने और उत्पादन‑वितरण में शामिल लोगों को पकड़ने का कदम उठाया है।
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह मोहन ने मीडिया से कहा कि इस कांड की कड़ी निंदा की गई है और "सख्त और तेज़" कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग, पुलिस और एक्साइस विभाग को मिलाकर एक व्यापक जांच का आदेश दिया, ताकि जिम्मेदारों की पहचान हो सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
यह घटना ग्रामीण मध्य प्रदेश में नकली शराब की व्यापकता को फिर से उजागर करती है, जिससे कड़े नियमन और जनजागरूकता अभियानों की मांग बढ़ रही है।
पीड़ितों के परिवारों को जांच में सहयोग करने का अनुरोध किया गया है, जबकि जिला प्रशासन द्वारा प्रभावित लोगों के लिए राहत उपायों की व्यवस्था की जा रही है।