📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Acroterion
राजनीति
बी.बी. लिंगडोह की भूमिका पर नई पुस्तक, मेघालय की राजनीति का पुनरावलोकन
✍️ Syllad
🗓 11 सित. 2026, 03:36 AM
👁 29
एक नई पुस्तक में अनुभवी राजनेता बी.बी. लिंगडोह के मेघालय की राजनीति में योगदान का विश्लेषण किया गया है।
मेघालय के दीर्घकालिक मुख्यमंत्री और वरिष्ठ नेता बी.बी. लिंगडोह के राजनीतिक सफर को फिर से देखने के लिए एक नई पुस्तक प्रकाशित हुई है। यह पुस्तक अभिलेखीय दस्तावेज़, साक्षात्कार और विद्वतापूर्ण टिप्पणी को जोड़कर स्वतंत्रता के बाद मेघालय की राजनीति में उनकी भूमिका को उजागर करती है।
पुस्तक में लिंगडोह के जमीनी कार्य से लेकर कई बार मुख्यमंत्री पद संभालने तक की यात्रा का विवरण है, जिसमें उनके समझौता‑आधारित दृष्टिकोण ने गठबंधन राजनीति और नीति‑निर्धारण को कैसे प्रभावित किया, इसका विश्लेषण किया गया है। क्षेत्रीय स्वायत्तता, भाषा संरक्षण और विकास पहल पर उनका रुख भी इस इतिहास में प्रमुख रूप से दर्शाया गया है।
राजनीति विशेषज्ञों का मानना है कि यह रचना राज्य के इतिहास में मौजूद दस्तावेज़ीय अंतर को पाटती है और शोधकर्ताओं तथा छात्रों के लिए लिंगडोह के नेतृत्व के दौरान मेघालय के लोकतांत्रिक विकास का विस्तृत स्रोत प्रदान करेगी। इसे भविष्य में मेघालय की राजनीतिक विकास पर अध्ययन का मानक माना जा रहा है।
पुस्तक में लिंगडोह के जमीनी कार्य से लेकर कई बार मुख्यमंत्री पद संभालने तक की यात्रा का विवरण है, जिसमें उनके समझौता‑आधारित दृष्टिकोण ने गठबंधन राजनीति और नीति‑निर्धारण को कैसे प्रभावित किया, इसका विश्लेषण किया गया है। क्षेत्रीय स्वायत्तता, भाषा संरक्षण और विकास पहल पर उनका रुख भी इस इतिहास में प्रमुख रूप से दर्शाया गया है।
राजनीति विशेषज्ञों का मानना है कि यह रचना राज्य के इतिहास में मौजूद दस्तावेज़ीय अंतर को पाटती है और शोधकर्ताओं तथा छात्रों के लिए लिंगडोह के नेतृत्व के दौरान मेघालय के लोकतांत्रिक विकास का विस्तृत स्रोत प्रदान करेगी। इसे भविष्य में मेघालय की राजनीतिक विकास पर अध्ययन का मानक माना जा रहा है।