📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / ivanich
मनोरंजन
नागालैंड की फिल्म 'अंग्ह' ने टिफ़ में पुरस्कार जीता, ओस्कर दौड़ में प्रवेश
✍️ The Business Standard
🗓 25 सित. 2026, 07:46 PM
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नागालैंड की फ़िल्म 'अंग्ह' ने टोरंटो अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव में पुरस्कार जीतकर ओस्कर दौड़ में जगह बनाई, क्षेत्रीय सिनेमा के लिए मील का पत्थर।
नागालैंड में निर्मित फ़िल्म 'अंग्ह' को टोरंटो अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव (TIFF) में एक पुरस्कार से सम्मानित किया गया। विश्व के प्रमुख फ़िल्म महोत्सवों में से एक में यह मान्यता, भारत के पूर्वोत्तर क्षेत्रों की सिनेमा की उभरती महत्ता को दर्शाती है।
TIFF में मिली इस सफलता के बाद, 'अंग्ह' ने ओस्कर दौड़ में भाग लेने की पात्रता प्राप्त कर ली है, जिससे यह भारतीय फ़िल्मों के एक चयनित समूह में शामिल हो गई है जो अकादमी अवॉर्ड के लिए प्रतिस्पर्धा करेंगे। उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि इससे क्षेत्रीय कहानीकारों को वैश्विक मंच पर अधिक पहचान मिलेगी।
'अंग्ह' के निर्माताओं ने जूरी के प्रति आभार व्यक्त किया और नागालैंड की संस्कृति व कहानियों की प्रामाणिक प्रस्तुति के महत्व पर ज़ोर दिया। फ़िल्म का ओस्कर दौड़ में प्रवेश, अंतरराष्ट्रीय सिनेमा में विविध भारतीय आवाज़ों के बढ़ते प्रभाव को रेखांकित करता है।
इस पुरस्कार और ओस्कर पात्रता से फ़िल्म को घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों स्तरों पर अधिक रुचि मिलने की संभावना है, जिससे वितरण और दर्शकों की सहभागिता में नई संभावनाएँ खुलेंगी।
हितधारक आशा करते हैं कि 'अंग्ह' की इस उपलब्धि से कम प्रतिनिधित्व वाले क्षेत्रों के फ़िल्म निर्माताओं को अंतरराष्ट्रीय महोत्सवों और पुरस्कारों की ओर प्रेरणा मिलेगी।
TIFF में मिली इस सफलता के बाद, 'अंग्ह' ने ओस्कर दौड़ में भाग लेने की पात्रता प्राप्त कर ली है, जिससे यह भारतीय फ़िल्मों के एक चयनित समूह में शामिल हो गई है जो अकादमी अवॉर्ड के लिए प्रतिस्पर्धा करेंगे। उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि इससे क्षेत्रीय कहानीकारों को वैश्विक मंच पर अधिक पहचान मिलेगी।
'अंग्ह' के निर्माताओं ने जूरी के प्रति आभार व्यक्त किया और नागालैंड की संस्कृति व कहानियों की प्रामाणिक प्रस्तुति के महत्व पर ज़ोर दिया। फ़िल्म का ओस्कर दौड़ में प्रवेश, अंतरराष्ट्रीय सिनेमा में विविध भारतीय आवाज़ों के बढ़ते प्रभाव को रेखांकित करता है।
इस पुरस्कार और ओस्कर पात्रता से फ़िल्म को घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों स्तरों पर अधिक रुचि मिलने की संभावना है, जिससे वितरण और दर्शकों की सहभागिता में नई संभावनाएँ खुलेंगी।
हितधारक आशा करते हैं कि 'अंग्ह' की इस उपलब्धि से कम प्रतिनिधित्व वाले क्षेत्रों के फ़िल्म निर्माताओं को अंतरराष्ट्रीय महोत्सवों और पुरस्कारों की ओर प्रेरणा मिलेगी।