📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Yann (talk)
अपराध
एमपी में मूंग उपार्जन घोटाला: सहकारी कर्मचारियों ने फर्जी पंजीकरण कर सस्ती मूंग सरकार को बेची
✍️ Amar Ujala · Madhya Pradesh
🗓 09 सित. 2026, 04:18 PM
👁 21
रायसेन, मध्यप्रदेश में आर्थिक अपराध प्रकोष ने एफआईआर दर्ज की है, जब सहकारी समिति के तीन कर्मचारियों ने किसानों के खेतों का फर्जी पंजीकरण कराया और सस्ती मूंग सरकार को बेची।
राज्य की मूंग उपार्जन योजना, जो सार्वजनिक वितरण के लिए गुणवत्ता वाली दालें सुनिश्चित करने के लिए बनाई गई थी, रायसेन जिले में एक धोखाधड़ी मामले के कारण प्रभावित हुई है। सहकारी समिति के तीन कर्मचारियों ने किसानों के खेतों के पंजीकरण दस्तावेज़ों को जाली बनाया, जिससे वे बाजार दर पर मूंग खरीदकर सरकार को कम कीमत पर बेच सके।
आर्थिक अपराध प्रकोष ने मंगलवार को एफआईआर दर्ज की, जिसमें फर्जी पंजीकरण और मूंग की अवैध बिक्री को नियमों के उल्लंघन के रूप में बताया गया। जांच के दौरान यह पता चल रहा है कि क्या अन्य कर्मचारियों ने भी इस योजना में हिस्सा लिया।
संबंधित कर्मचारियों को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया गया है और हाल के सभी खरीदारी की समीक्षा की जा रही है। इस मामले ने राज्य की खरीद प्रक्रियाओं में कड़ी जाँच की आवश्यकता पर प्रकाश डाला है।
सरकार ने भविष्य की उपार्जन प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और उचित दस्तावेज़ीकरण सुनिश्चित करने के लिए निगरानी को सुदृढ़ करने का वादा किया है।
आर्थिक अपराध प्रकोष ने मंगलवार को एफआईआर दर्ज की, जिसमें फर्जी पंजीकरण और मूंग की अवैध बिक्री को नियमों के उल्लंघन के रूप में बताया गया। जांच के दौरान यह पता चल रहा है कि क्या अन्य कर्मचारियों ने भी इस योजना में हिस्सा लिया।
संबंधित कर्मचारियों को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया गया है और हाल के सभी खरीदारी की समीक्षा की जा रही है। इस मामले ने राज्य की खरीद प्रक्रियाओं में कड़ी जाँच की आवश्यकता पर प्रकाश डाला है।
सरकार ने भविष्य की उपार्जन प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और उचित दस्तावेज़ीकरण सुनिश्चित करने के लिए निगरानी को सुदृढ़ करने का वादा किया है।