📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Van1905
यात्रा
मेघालय‑असम टैक्सी ऑपरेटरों के टकराव से पर्यटक फँसे
✍️ NDTV
🗓 22 अग. 2026, 06:12 AM
👁 5
मेघालय और असम के टैक्सी ऑपरेटरों के बीच चल रहे विवाद के कारण कई पर्यटक बिना सवारी के फँसे हुए हैं, एनडीटीवी ने बताया।
मेघालय और असम के पड़ोसी राज्यों के टैक्सी ऑपरेटरों के बीच चल रहे टकराव ने सीमा क्षेत्र में कई पर्यटकों को फँसा दिया है। मार्ग आवंटन और किराया संरचना को लेकर उत्पन्न विवाद ने उन साझा टैक्सियों को रोक दिया है जो आमतौर पर शिलॉंग, चेरापुंजी और आसपास के पर्यटन स्थलों को जोड़ते हैं।
यात्रा एजेंसियों और स्थानीय प्रशासन ने बताया कि इस impasse के कारण मेघालय के लोकप्रिय हिल डेस्टिनेशनों की ओर जाने वाले तथा असम वापस लौटने वाले पर्यटक प्रभावित हो रहे हैं। कई यात्रियों को वैकल्पिक, अक्सर महंगे, परिवहन साधनों की तलाश करनी पड़ रही है या वे समाधान तक इंतजार कर रहे हैं।
दोनों राज्य के परिवहन विभागों के अधिकारियों ने कहा कि वे ऑपरेटरों के साथ समझौते के लिए वार्ता कर रहे हैं, पर अभी तक कोई निश्चित समय‑सीमा नहीं बताई गई है। इस बीच, एनडीटीवी की रिपोर्टिंग टीम ने देखा कि टैक्सी सेवाओं के बंद होने से उत्पन्न अंतर को भरने के लिए बसों और निजी कारों की कतारें बन रही हैं।
यह टकराव क्षेत्र में अंतर‑राज्यीय परिवहन व्यवस्था की नाजुकता को उजागर करता है, जहाँ पर्यटन स्थानीय अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार है। सभी पक्षों ने शीघ्र समाधान की मांग की है ताकि यात्रियों को सामान्य यात्रा सुविधा मिल सके और आगे की असुविधा से बचा जा सके।
यात्रा एजेंसियों और स्थानीय प्रशासन ने बताया कि इस impasse के कारण मेघालय के लोकप्रिय हिल डेस्टिनेशनों की ओर जाने वाले तथा असम वापस लौटने वाले पर्यटक प्रभावित हो रहे हैं। कई यात्रियों को वैकल्पिक, अक्सर महंगे, परिवहन साधनों की तलाश करनी पड़ रही है या वे समाधान तक इंतजार कर रहे हैं।
दोनों राज्य के परिवहन विभागों के अधिकारियों ने कहा कि वे ऑपरेटरों के साथ समझौते के लिए वार्ता कर रहे हैं, पर अभी तक कोई निश्चित समय‑सीमा नहीं बताई गई है। इस बीच, एनडीटीवी की रिपोर्टिंग टीम ने देखा कि टैक्सी सेवाओं के बंद होने से उत्पन्न अंतर को भरने के लिए बसों और निजी कारों की कतारें बन रही हैं।
यह टकराव क्षेत्र में अंतर‑राज्यीय परिवहन व्यवस्था की नाजुकता को उजागर करता है, जहाँ पर्यटन स्थानीय अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार है। सभी पक्षों ने शीघ्र समाधान की मांग की है ताकि यात्रियों को सामान्य यात्रा सुविधा मिल सके और आगे की असुविधा से बचा जा सके।