📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Jagchabhal
स्थानीय
जालंधर नगर निगम हाउस में मेयर ने 90 सेकंड में सभी प्रस्ताव पारित, विरोध में उछाली गईं कॉपियां
✍️ Amar Ujala · Punjab
🗓 25 अग. 2026, 01:17 PM
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जालंधर नगर निगम की बैठक में मेयर ने डेढ़ मिनट में सभी प्रस्ताव पारित कर दिए, जिससे विरोधी सदस्यों ने दस्तावेज़ों को उछाल दिया।
जालंधर नगर निगम की हालिया बैठक में मेयर ने सभी एजेंडा आइटम को अत्यंत संक्षिप्त समय में पारित करने का कदम उठाया, जिससे सभा में उथल-पुथल मच गई। लगभग डेढ़ मिनट में सभी प्रस्तावों को वोट देकर मंजूरी दे दी गई, जिससे चर्चा के लिए बहुत कम समय बचा।
विरोधी परिषद सदस्यों ने इस तेज़ी से पारित होने वाले प्रक्रिया के खिलाफ दस्तावेज़ों की प्रतियां फर्श पर उछाल दीं। यह कार्रवाई उनके असंतोष को दर्शाती है और यह संकेत देती है कि तेज़ी से निर्णय लेने से उचित जांच‑परख पर असर पड़ सकता है।
यह घटना नगर निगम के भीतर बढ़ती टकराव को उजागर करती है, जहाँ आलोचक चेतावनी देते हैं कि ऐसी त्वरित स्वीकृतियां नागरिक योजनाओं की गहन समीक्षा को बाधित कर सकती हैं। अधिकारियों ने अभी तक इस पर कोई टिप्पणी नहीं की है कि कोई प्रक्रिया नियम तोड़ गया है या नहीं।
आगे की बैठकों में पार्लियामेंटरी नियमों के कड़ाई से पालन की मांग बढ़ने की संभावना है, क्योंकि हितधारक दक्षता और लोकतांत्रिक चर्चा के बीच संतुलन स्थापित करना चाहते हैं।
विरोधी परिषद सदस्यों ने इस तेज़ी से पारित होने वाले प्रक्रिया के खिलाफ दस्तावेज़ों की प्रतियां फर्श पर उछाल दीं। यह कार्रवाई उनके असंतोष को दर्शाती है और यह संकेत देती है कि तेज़ी से निर्णय लेने से उचित जांच‑परख पर असर पड़ सकता है।
यह घटना नगर निगम के भीतर बढ़ती टकराव को उजागर करती है, जहाँ आलोचक चेतावनी देते हैं कि ऐसी त्वरित स्वीकृतियां नागरिक योजनाओं की गहन समीक्षा को बाधित कर सकती हैं। अधिकारियों ने अभी तक इस पर कोई टिप्पणी नहीं की है कि कोई प्रक्रिया नियम तोड़ गया है या नहीं।
आगे की बैठकों में पार्लियामेंटरी नियमों के कड़ाई से पालन की मांग बढ़ने की संभावना है, क्योंकि हितधारक दक्षता और लोकतांत्रिक चर्चा के बीच संतुलन स्थापित करना चाहते हैं।