मुण्डावर में 65 हजार की रिश्वत लेते विकास अधिकारी और कनिष्ठ सहायक गिरफ्तार
मुण्डावर में 65 हजार की रिश्वत लेते विकास अधिकारी और कनिष्ठ सहायक गिरफ्तार
सफाई ठेके और पाइपलाइन कार्यों के बिल पास कराने के एवज में मांगी थी रिश्वत, एसीबी ने ट्रैप कर पकड़ा
खैरथल-तिजारा। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने गुरुवार को मुण्डावर पंचायत समिति में कार्रवाई करते हुए विकास अधिकारी और कनिष्ठ सहायक को 65 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। कार्रवाई के बाद पंचायत समिति में हड़कंप मच गया।
एसीबी के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विकास अधिकारी संजय कुमार यादव और कनिष्ठ सहायक रितिक कुमार सिंह के रूप में हुई है। परिवादी की फर्म को ग्राम पंचायत मातौर और नगंली ओजा में सफाई के ठेके मिले हुए थे। इसके अलावा फर्म की ओर से कराए गए पाइपलाइन कार्यों के बिलों की माप पुस्तिका (एमबी) भरवाने के एवज में रिश्वत की मांग की जा रही थी।
परिवादी ने इस संबंध में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर एसीबी ने 23 अक्टूबर को रिश्वत मांग का सत्यापन कराया। सत्यापन के दौरान 65 हजार रुपये की रिश्वत मांगने की पुष्टि होने के बाद एसीबी ने आरोपियों को uh पकड़ने के लिए जाल बिछाया।
गुरुवार को एसीबी चौकी भिवाड़ी की टीम ने ट्रैप कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को कथित तौर पर 65 हजार रुपये की रिश्वत राशि लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई एसीबी चौकी भिवाड़ी के प्रभारी एवं ट्रैप अधिकारी पुलिस निरीक्षक सुरजीत सिंह के नेतृत्व में की गई।
कार्रवाई के बाद एसीबी की टीम दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है। मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है।
सफाई ठेके और पाइपलाइन कार्यों के बिल पास कराने के एवज में मांगी थी रिश्वत, एसीबी ने ट्रैप कर पकड़ा
खैरथल-तिजारा। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने गुरुवार को मुण्डावर पंचायत समिति में कार्रवाई करते हुए विकास अधिकारी और कनिष्ठ सहायक को 65 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। कार्रवाई के बाद पंचायत समिति में हड़कंप मच गया।
एसीबी के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विकास अधिकारी संजय कुमार यादव और कनिष्ठ सहायक रितिक कुमार सिंह के रूप में हुई है। परिवादी की फर्म को ग्राम पंचायत मातौर और नगंली ओजा में सफाई के ठेके मिले हुए थे। इसके अलावा फर्म की ओर से कराए गए पाइपलाइन कार्यों के बिलों की माप पुस्तिका (एमबी) भरवाने के एवज में रिश्वत की मांग की जा रही थी।
परिवादी ने इस संबंध में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर एसीबी ने 23 अक्टूबर को रिश्वत मांग का सत्यापन कराया। सत्यापन के दौरान 65 हजार रुपये की रिश्वत मांगने की पुष्टि होने के बाद एसीबी ने आरोपियों को uh पकड़ने के लिए जाल बिछाया।
गुरुवार को एसीबी चौकी भिवाड़ी की टीम ने ट्रैप कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को कथित तौर पर 65 हजार रुपये की रिश्वत राशि लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई एसीबी चौकी भिवाड़ी के प्रभारी एवं ट्रैप अधिकारी पुलिस निरीक्षक सुरजीत सिंह के नेतृत्व में की गई।
कार्रवाई के बाद एसीबी की टीम दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है। मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है।