🔥 TRENDING COCOMI Calls for Rapid IDP Relief and... Sensex Gains 250 Points, Nifty Rises 4... South Korean PM Promises Review of Fir... Tripura Names 18-Member Squad for Open... Himachal Pradesh Clears Employee Arrea... बी.के. इंडस्ट्रीज़, पिटम्पुर ने सभी दे...
08 Nov 2026•
ગુજરાતી मराठी ਪੰਜਾਬੀ বাংলা
खेत में जमा बारिश का पानी बना बच्चों का स्विमिंग पूल,

खेत में जमा बारिश का पानी बना बच्चों का स्विमिंग पूल,

✍️ Reporter: Manjur Mansoori Saif Khan 🗓 21 Sep 2026, 08:40 AM 👁 151
Watch on: ▶️ YouTube
Share: 💬 WhatsApp 📘 Facebook 𝕏 Post
खेत में जमा बारिश का पानी बना बच्चों का स्विमिंग पूल, बेफिक्र अंदाज में लगा रहे गोते

जरूरत नहीं होती। दिल में उमंग ही ते छोटी-सी सुविधा भी बड़े आनंद का जरियकर जाती है। किते के ग्रामीण अंचल में इन दिरों बच्चों को ऐसे ही बेफिक्र गातों का एक मनमोहक नवाय देखने को मिल रहा है। यहां बच्चों ने नहरी स्विमिंग फूल और बाटर पार्क की जगह खेत में जमा बरित के पानी को ही अपना 'देसी स्विचिंग पूल' बस लिया है।

एक गड्ढे में पानी जमा हुन आसपास के बच्चों को खुशी का ठिकाना नहीं रहा। कोई पानी में शलांग तगाकर अठखेलियां करता नर आपा, तो कोई तैराकी का आनंद लेता

शिक्षा। बच्चों को यह सून माले और दो बुराड़ अब लोगों के पर मुस्कान बिखेर ला है।

मिल-बोकरा मार्ग पर रित्या भोक जत

यह खूबसूरत नवा जनपद पंता के पैहपुर क्षेत्र स्थित मिलकराव के इन बच्चों के लिए शहरों की तरह बड़े हैं। ऐसे में बारिश के एजर और खुशियों का केंद्र

बरिश के बार जमा हुए पानी में पूजा के साथ मस्ती करते दिखाई दे रहे हैं। उनकी हंसी लांग और नी में अखेतियं प्रनो जेवन की सदगी और वों की

शाह सुतियों को खूबसूरत ताबर पेश करती हैं। रिवर की चिंता,

शहरों में जहां चार वर्ष और स्थिति में कुछ घंटे बिताने के लिए पैसे खर्च करने पड़ते हैं, वहीं इन

वों के लिए प्रकृति ने किसी टिकर के योजना इंतजाम खदिया।

पाने मिला और बच्चों की माली शुरुको दोस्तों के साथ जानी में कुदरहा है, कोई रने की कोशिश कर सा है और कोई घारी में

अठखेलियां करते हुए अपनी खुशीका जाहिर कर रहा है। बच्चों के लिए यह अगर किसी यही कार पा में कम

नम्र नहीं रही। सुविधाएं कम, लेकिन खुशियां

भरपूर बच्चों को हरथीरें और वीडियचे खमने आने के बार यह नजारा लोगों को सूत्र आकर्षित कर रहा है। दरअसल, यह दृश्य केवल बच्चों की मस्ती की तस्वीर नहीं, बरिक ग्रामीण जीवन की उस दी को भी सामने लाता है, जहां जीत की करत पौजूद है।

इनके पास ही खिलौने हैं, थिमि फूल और न ही पात पार्क की सुविधाएं। उनके है तो पारिश का फरी, दोस्तों का साथ और खुलकर सरेब्यू

खूबसूरत संदेश

खेत में जमा बारिश के पनी को विर्थिपूल बनकर बस्ती करते इन बच्चों का अंज पर संदेश देता है कि खुलियां हमेशा मांगी सुविधाओं को दिया हुआ होटा-सा अवसर भी जिंदगी का यादगार पल बन जाता है। यह 'देती जुगाड भले ही धात्य

है। बच्चों को खिलखिलाहट और बेफिक्र अंत यही सिखाता है कि जहां चाहती है, पहनिकल ही आती है-और खुशियां हलाने मका हुनर हो ही साधारण-ती जनह भी किसी खूबसूरत वाटर पार्क से कम नहीं लगती।
📲Get App