📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Litun Kumar
अपराध
केओंझर पुलिस ने नाबालिग लड़की के प्रसव मामले की जांच शुरू
✍️ The Times of India
🗓 31 अग. 2026, 09:37 AM
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ओडिशा के केओंझर जिले में पुलिस ने नाबालिग लड़की के प्रसव मामले की जांच शुरू की, जिससे कानूनी और स्वास्थ्य पहलुओं पर ध्यान केंद्रित हुआ।
ओडिशा के केओंझर जिले की पुलिस ने मंगलवार को बताया कि उन्होंने एक ऐसी घटना की जांच शुरू की है जिसमें अठारह वर्ष से कम उम्र की लड़की ने प्रसव किया। यह मामला जिला के मुख्य शहर में एक निजी घर में जन्म के बाद पुलिस को सूचित किया गया था।
जांच के दौरान पुलिस ने बताया कि इस केस को बाल यौन शोषण (POSCO) अधिनियम और बाल विवाह से संबंधित क़ानूनों के तहत देखा जाएगा। माँ, प्रसव में मदद करने वाले दाई और पड़ोसियों से बयान एकत्र कर यह पता लगाया जाएगा कि क्या किसी वयस्क ने इस गर्भधारण में भूमिका निभाई।
एक वरिष्ठ पुलिस प्रवक्ता ने कहा कि जांच टीम ने जिला स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर माँ और नवजात शिशु को आवश्यक चिकित्सा सहायता प्रदान करने की व्यवस्था की है। आगे की कार्रवाई, जिसमें आपराधिक आरोप भी शामिल हो सकते हैं, फोरेंसिक और सामाजिक कल्याण मूल्यांकन के परिणामों पर निर्भर करेगी।
यह जांच ग्रामीण ओडिशा में बाल विवाह और अवैध गर्भधारण से जुड़ी चिंताओं को फिर से उजागर करती है, जिससे एनजीओज ने मौजूदा कानूनों के कड़े कार्यान्वयन और समुदाय में जागरूकता बढ़ाने की अपील की है।
जांच के दौरान पुलिस ने बताया कि इस केस को बाल यौन शोषण (POSCO) अधिनियम और बाल विवाह से संबंधित क़ानूनों के तहत देखा जाएगा। माँ, प्रसव में मदद करने वाले दाई और पड़ोसियों से बयान एकत्र कर यह पता लगाया जाएगा कि क्या किसी वयस्क ने इस गर्भधारण में भूमिका निभाई।
एक वरिष्ठ पुलिस प्रवक्ता ने कहा कि जांच टीम ने जिला स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर माँ और नवजात शिशु को आवश्यक चिकित्सा सहायता प्रदान करने की व्यवस्था की है। आगे की कार्रवाई, जिसमें आपराधिक आरोप भी शामिल हो सकते हैं, फोरेंसिक और सामाजिक कल्याण मूल्यांकन के परिणामों पर निर्भर करेगी।
यह जांच ग्रामीण ओडिशा में बाल विवाह और अवैध गर्भधारण से जुड़ी चिंताओं को फिर से उजागर करती है, जिससे एनजीओज ने मौजूदा कानूनों के कड़े कार्यान्वयन और समुदाय में जागरूकता बढ़ाने की अपील की है।