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जमुई में 'पुलिस दीदी' की सघन गश्त: महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा पर विशेष ध्यान
जमुई पुलिस ने महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विशेष अभियान चलाया। 'पुलिस दीदी' टीम ने सार्वजनिक स्थलों, स्कूलों और बाजारों में गश्त कर सुरक्षा का जायजा लिया और हेल्पलाइन नंबर 112 की जानकारी दी।
जमुई जिले में महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा को लेकर पुलिस द्वारा शनिवार को एक विशेष सतर्कता अभियान चलाया गया। 'पुलिस दीदी' टीम ने जिले के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों, स्कूल-कॉलेज परिसरों, बाजारों तथा अन्य भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में नियमित एवं सघन गश्त लगाकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य महिलाओं और बालिकाओं के लिए एक सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करना है।
गश्त के दौरान, पुलिस दीदी टीम ने महिलाओं एवं बालिकाओं से सीधे संवाद स्थापित किया। उन्हें उनके कानूनी अधिकारों के बारे में जागरूक किया गया और किसी भी आपातकालीन स्थिति में तत्काल सहायता के लिए पुलिस हेल्पलाइन नंबर 112 के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। टीम ने महिलाओं और छात्राओं को किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर बिना किसी झिझक के पुलिस से संपर्क करने के लिए प्रोत्साहित किया।
पुलिस की टीम ने विशेष रूप से उन स्थानों पर अपनी निगरानी बढ़ाई जहाँ महिलाओं एवं छात्राओं की आवाजाही अधिक रहती है। छेड़खानी, छींटाकशी, पीछा करने, अभद्र व्यवहार या किसी भी प्रकार के उत्पीड़न की घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखी जा रही है। जमुई पुलिस ने यह स्पष्ट किया है कि असामाजिक तत्वों के खिलाफ, जो महिलाओं एवं बालिकाओं के साथ दुर्व्यवहार करते पाए जाएंगे, सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
'पुलिस दीदी' टीम की इस सक्रियता का प्राथमिक लक्ष्य महिलाओं और बालिकाओं के बीच सुरक्षा की भावना को मजबूत करना और उन्हें सार्वजनिक स्थानों पर निर्भय होकर घूमने का अवसर प्रदान करना है। पुलिस ने सभी महिलाओं एवं बालिकाओं से अपील की है कि किसी भी प्रकार की आपात स्थिति, छेड़खानी या उत्पीड़न की घटना होने पर चुप न रहें, बल्कि तत्काल 112 पर सूचना दें। पुलिस ने जोर देकर कहा कि महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान से किसी भी स्तर पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
गश्त के दौरान, पुलिस दीदी टीम ने महिलाओं एवं बालिकाओं से सीधे संवाद स्थापित किया। उन्हें उनके कानूनी अधिकारों के बारे में जागरूक किया गया और किसी भी आपातकालीन स्थिति में तत्काल सहायता के लिए पुलिस हेल्पलाइन नंबर 112 के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। टीम ने महिलाओं और छात्राओं को किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर बिना किसी झिझक के पुलिस से संपर्क करने के लिए प्रोत्साहित किया।
पुलिस की टीम ने विशेष रूप से उन स्थानों पर अपनी निगरानी बढ़ाई जहाँ महिलाओं एवं छात्राओं की आवाजाही अधिक रहती है। छेड़खानी, छींटाकशी, पीछा करने, अभद्र व्यवहार या किसी भी प्रकार के उत्पीड़न की घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखी जा रही है। जमुई पुलिस ने यह स्पष्ट किया है कि असामाजिक तत्वों के खिलाफ, जो महिलाओं एवं बालिकाओं के साथ दुर्व्यवहार करते पाए जाएंगे, सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
'पुलिस दीदी' टीम की इस सक्रियता का प्राथमिक लक्ष्य महिलाओं और बालिकाओं के बीच सुरक्षा की भावना को मजबूत करना और उन्हें सार्वजनिक स्थानों पर निर्भय होकर घूमने का अवसर प्रदान करना है। पुलिस ने सभी महिलाओं एवं बालिकाओं से अपील की है कि किसी भी प्रकार की आपात स्थिति, छेड़खानी या उत्पीड़न की घटना होने पर चुप न रहें, बल्कि तत्काल 112 पर सूचना दें। पुलिस ने जोर देकर कहा कि महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान से किसी भी स्तर पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा।