📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ganesh Dhamodkar
मौसम
इंदौर की सड़कें नई तकनीक के पैचवर्क टेस्ट में चार दिन में ही फेल
✍️ Amar Ujala · Indore
🗓 09 जुल. 2026, 12:32 PM
👁 3
नगर निगम द्वारा सड़कों की मरम्मत के लिए इस्तेमाल की गई नई, टिकाऊ पेचवर्क तकनीक प्रारंभिक मानसून की बारिश में विफल रही है, पैचवर्क लगाने के मात्र चार दिन बाद ही गड्ढे फिर से दिखाई देने लगे हैं।
बारिश की शुरुआत के साथ ही इंदौर की सड़कों की बदहाली एक बार फिर सामने आ गई है। नगर निगम ने हाल ही में दावा किया था कि उसने नई तकनीक का उपयोग करके बारिश के दौरान भी टिकाऊ सड़क मरम्मत का काम किया है।
हालांकि, यह प्रयोग कुछ ही दिनों में विफल साबित हुआ। नई तकनीक से किए गए पैचवर्क, जिन्हें टिकाऊ होने का दावा किया गया था, शुरुआती बारिश का सामना नहीं कर सके और तेजी से खराब होने लगे। जिन सड़कों की मरम्मत हाल ही में की गई थी, वहां गड्ढे फिर से दिखाई देने लगे हैं, जिससे नई तकनीक की प्रभावशीलता पर सवाल उठ रहे हैं।
इस मरम्मत विधि की विफलता, इसके कार्यान्वयन के तुरंत बाद, इंदौर में मानसून के दौरान सड़क बुनियादी ढांचे को बनाए रखने में आने वाली चुनौतियों को उजागर करती है।
हालांकि, यह प्रयोग कुछ ही दिनों में विफल साबित हुआ। नई तकनीक से किए गए पैचवर्क, जिन्हें टिकाऊ होने का दावा किया गया था, शुरुआती बारिश का सामना नहीं कर सके और तेजी से खराब होने लगे। जिन सड़कों की मरम्मत हाल ही में की गई थी, वहां गड्ढे फिर से दिखाई देने लगे हैं, जिससे नई तकनीक की प्रभावशीलता पर सवाल उठ रहे हैं।
इस मरम्मत विधि की विफलता, इसके कार्यान्वयन के तुरंत बाद, इंदौर में मानसून के दौरान सड़क बुनियादी ढांचे को बनाए रखने में आने वाली चुनौतियों को उजागर करती है।