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11 अक्टू. 2026•
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भारत के प्रकाशस्तंभ: कार्यात्मक संकेतों से प्रतिष्ठित स्मारकों तक
📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Pinakpani
विज्ञान

भारत के प्रकाशस्तंभ: कार्यात्मक संकेतों से प्रतिष्ठित स्मारकों तक

✍️ jharkhandstatenews.com 🗓 11 अक्टू. 2026, 05:37 PM 👁 21
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भारत अपने तटीय प्रकाशस्तंभों को पुनर्परिभाषित कर रहा है, उन्हें विरासत स्थल और पर्यटन आकर्षण बना रहा है तथा उनकी तकनीक को उन्नत कर रहा है।

भारत के तटीय प्रकाशस्तंभों में परिवर्तन हो रहा है, जो उन्हें केवल नौवहन सहायता से हटाकर एक सांस्कृतिक धरोहर स्थल बना रहा है। सरकार की नई पहल ऐतिहासिक संरचनाओं को पुनर्स्थापित करने, वास्तुशिल्प विवरणों को संरक्षित करने और ऊर्जा‑कुशल आधुनिक प्रकाश व्यवस्था को एकीकृत करने पर केंद्रित है।

यह परियोजना, व्यापक तटीय विकास योजना का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य इन प्रतिष्ठित संरचनाओं को मौसम और तोड़फोड़ से बचाना है, साथ ही जनता के लिए उन्हें सुलभ बनाना है। कई प्रकाशस्तंभों में आगंतुक केंद्र, मार्गदर्शित दौरों और शैक्षिक प्रदर्शनों की व्यवस्था की जाएगी, जो समुद्री इतिहास और प्रकाशस्तंभ तकनीक के विकास को दर्शाएंगे।

विशेषज्ञों का मानना है कि यह उन्नयन स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देगा, सांस्कृतिक पर्यटन को प्रोत्साहित करेगा और मरम्मत, रखरखाव और आतिथ्य क्षेत्र में नौकरियाँ पैदा करेगा। यह पहल भारत की सतत पर्यटन और सांस्कृतिक धरोहर संरक्षण के प्रति प्रतिबद्धता के अनुरूप है।

परिवर्तन के दौरान, अधिकारियों ने जोर देकर कहा कि प्रकाशस्तंभों का मूल कार्य—सुरक्षित नौवहन—अपरिवर्तित रहेगा, और आधुनिक LED प्रणालियाँ भारत के विस्तृत तटरेखा पर जहाजों के लिए विश्वसनीय प्रकाश प्रदान करेंगी।
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