📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ministry of Petroleum and Natural Gas
बिज़नेस
भारत के बुनियादी ढाँचे की जरूरत: FY31 तक 168‑172 ट्रिलियन रुपये चाहिए, रिपोर्ट
✍️ Asianet Newsable
🗓 20 सित. 2026, 09:16 AM
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एक नई रिपोर्ट के अनुसार, भारत को FY 31 तक अपने बुनियादी ढाँचे के लक्ष्य पूरे करने के लिये 168‑172 ट्रिलियन रुपये की आवश्यकता होगी।
एक नवीनतम विश्लेषण के अनुसार, भारत को FY 31 तक अपने बुनियादी ढाँचे के कार्यक्रम को पूरा करने हेतु 168‑172 ट्रिलियन रुपये की पूँजी जुटानी होगी। इस अनुमान में राजमार्ग, रेलवे, बंदरगाह, हवाई अड्डा, विद्युत उत्पादन और शहरी उपयोगिताओं जैसे प्रमुख क्षेत्रों की कुल लागत शामिल है।
रिपोर्ट बताती है कि मौजूदा सार्वजनिक खर्च इन बड़े‑पैमाने के प्रोजेक्टों को पूरा करने में अपर्याप्त रहेगा, जिससे वर्तमान सड़क किलोमीटर की कमी, हाई‑स्पीड रेल नेटवर्क का विस्तार, बंदरगाहों का आधुनिकीकरण और नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता में वृद्धि की आवश्यकता उत्पन्न होती है।
वित्तीय अंतर को पाटने के लिए सार्वजनिक‑निजी भागीदारी, विदेशी प्रत्यक्ष निवेश, बहुपक्षीय विकास बैंकों की सहायता और स्वदेशी ग्रीन बॉन्ड जैसे विविध स्रोतों को जोड़ने की सलाह दी गई है।
सरकार को अनुमोदन प्रक्रियाओं को तेज़ करने, निवेशकों के लिये अनुकूल वित्तीय माहौल बनाने और नवीन वित्तीय साधनों को अपनाने की आवश्यकता पर बल दिया गया है, क्योंकि आगामी बजट में बुनियादी ढाँचा खर्च को प्राथमिकता दी जाएगी।
रिपोर्ट बताती है कि मौजूदा सार्वजनिक खर्च इन बड़े‑पैमाने के प्रोजेक्टों को पूरा करने में अपर्याप्त रहेगा, जिससे वर्तमान सड़क किलोमीटर की कमी, हाई‑स्पीड रेल नेटवर्क का विस्तार, बंदरगाहों का आधुनिकीकरण और नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता में वृद्धि की आवश्यकता उत्पन्न होती है।
वित्तीय अंतर को पाटने के लिए सार्वजनिक‑निजी भागीदारी, विदेशी प्रत्यक्ष निवेश, बहुपक्षीय विकास बैंकों की सहायता और स्वदेशी ग्रीन बॉन्ड जैसे विविध स्रोतों को जोड़ने की सलाह दी गई है।
सरकार को अनुमोदन प्रक्रियाओं को तेज़ करने, निवेशकों के लिये अनुकूल वित्तीय माहौल बनाने और नवीन वित्तीय साधनों को अपनाने की आवश्यकता पर बल दिया गया है, क्योंकि आगामी बजट में बुनियादी ढाँचा खर्च को प्राथमिकता दी जाएगी।