📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Indianapolis Museum of Art
बिज़नेस
IMA सर्वे में भारतीय कंपनियों ने अर्थव्यवस्था पर निराशा, व्यापार पर भरोसा जताया
✍️ Business Standard
🗓 02 नव. 2026, 05:03 AM
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एक हालिया IMA इंडिया सर्वे में कंपनियों ने आर्थिक माहौल को लेकर निराशा जताई, पर अपने व्यापार के भविष्य को लेकर आशावादी रुख दिखाया।
इंस्टिट्यूट ऑफ मैनेजमेंट अकाउंटेंट्स (IMA) इंडिया ने एक व्यापक सर्वेक्षण के परिणाम जारी किए, जिसमें विनिर्माण, सेवा और प्रौद्योगिकी क्षेत्रों की विविध कंपनियों को शामिल किया गया। प्रतिभागियों से राष्ट्रीय आर्थिक माहौल और अपने व्यवसाय के भविष्य दोनों के बारे में राय पूछी गई।
परिणामों में अधिकांश कंपनियों ने देश की आर्थिक दिशा को लेकर निराशा व्यक्त की, जिसमें लगातार महंगाई, वैश्विक मांग में अस्थिरता और नीतिगत अनिश्चितता को प्रमुख कारण बताया गया। यह भावना पिछले तिमाहियों में देखी गई आशावादिता से अलग है।
हालाँकि आर्थिक माहौल निराशाजनक है, फिर भी कंपनियों ने अपने व्यक्तिगत व्यवसायों में वृद्धि की उम्मीद जताई। उन्होंने मजबूत ऑर्डर बुक, डिजिटल परिवर्तन के जारी प्रयास और घरेलू मांग की स्थिरता को सकारात्मक कारकों के रूप में बताया। कई कंपनियों ने अगले बारह महीनों में क्षमता विस्तार और तकनीकी निवेश की योजना बनाई है।
IMA के अधिकारियों ने कहा कि यह दोहरा दृष्टिकोण आर्थिक अपेक्षाओं और कंपनी‑स्तर के विश्वास के बीच एक अलगाव को दर्शाता है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि व्यवसाय संभावित चुनौतियों के बावजूद आंतरिक विकास कारकों पर भरोसा कर रहे हैं।
परिणामों में अधिकांश कंपनियों ने देश की आर्थिक दिशा को लेकर निराशा व्यक्त की, जिसमें लगातार महंगाई, वैश्विक मांग में अस्थिरता और नीतिगत अनिश्चितता को प्रमुख कारण बताया गया। यह भावना पिछले तिमाहियों में देखी गई आशावादिता से अलग है।
हालाँकि आर्थिक माहौल निराशाजनक है, फिर भी कंपनियों ने अपने व्यक्तिगत व्यवसायों में वृद्धि की उम्मीद जताई। उन्होंने मजबूत ऑर्डर बुक, डिजिटल परिवर्तन के जारी प्रयास और घरेलू मांग की स्थिरता को सकारात्मक कारकों के रूप में बताया। कई कंपनियों ने अगले बारह महीनों में क्षमता विस्तार और तकनीकी निवेश की योजना बनाई है।
IMA के अधिकारियों ने कहा कि यह दोहरा दृष्टिकोण आर्थिक अपेक्षाओं और कंपनी‑स्तर के विश्वास के बीच एक अलगाव को दर्शाता है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि व्यवसाय संभावित चुनौतियों के बावजूद आंतरिक विकास कारकों पर भरोसा कर रहे हैं।