📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Unknown authorUnknown author
राजनीति
HM शाह को टेराई, दोअर्स और दार्जिलिंग समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए प्रमुख नियुक्त किया गया
✍️ Sikkimexpress
🗓 23 अग. 2026, 09:33 PM
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वरिष्ठ अधिकारी HM शाह को टेराई, दोअर्स और दार्जिलिंग क्षेत्रों में चल रहे विवादों के स्थायी समाधान के लिए प्रमुख बनाया गया, सूत्रों ने बताया।
वरिष्ठ सरकारी अधिकारी HM शाह को टेराई, दोअर्स और दार्जिलिंग क्षेत्रों में चल रहे विवादों के स्थायी समाधान के लिए एक विशेष पहल का नेतृत्व करने का कार्य सौंपा गया है। स्थानीय मीडिया के अनुसार, यह कदम उन समूहों की निरंतर मांगों के बाद आया है, जो अधिक स्वायत्तता और विकास की माँग कर रहे थे।
Sikkimexpress द्वारा उद्धृत बयान के अनुसार, इस नियुक्ति का उद्देश्य राज्य और केंद्र दोनों एजेंसियों को समन्वित करना है, जिसमें बुनियादी ढाँचे की कमी, आजीविका संबंधी समस्याएँ और जातीय संवेदनशीलताओं को प्राथमिकता दी जाएगी। शाह से अपेक्षा है कि वे समुदाय के नेताओं, राजनीतिक प्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ नियमित परामर्श करेंगे।
यह निर्णय उन विवादों को सुलझाने की नई राजनीतिक इच्छा को दर्शाता है, जो पहाड़ी और तलहटी क्षेत्रों में समय‑समय पर जीवन और आर्थिक गतिविधियों में बाधा बनते रहे हैं। सभी पक्षों से अनुरोध किया गया है कि वे नई गठित टास्क‑फ़ोर्स के साथ पूरी तरह सहयोग करें, ताकि कोई भी समाधान टिकाऊ और समावेशी हो।
विस्तृत रोडमैप अभी चर्चा में है, लेकिन अधिकारियों ने बताया कि इस पहल में पारदर्शी संवाद, डेटा‑आधारित योजना और सहमत उपायों का शीघ्र कार्यान्वयन प्राथमिकता होगी। HM शाह की नियुक्ति को क्षेत्र को स्थिर करने और दीर्घकालिक विकास को बढ़ावा देने के कदम के रूप में देखा जा रहा है।
इस पहल की निगरानी राज्य सरकारों और जनजाति एवं सीमा मामलों के केंद्रीय मंत्रालय द्वारा करीबी तौर पर की जाएगी, और प्रक्रिया के आगे बढ़ने पर समय‑समय पर अपडेट प्रदान किए जाएंगे।
Sikkimexpress द्वारा उद्धृत बयान के अनुसार, इस नियुक्ति का उद्देश्य राज्य और केंद्र दोनों एजेंसियों को समन्वित करना है, जिसमें बुनियादी ढाँचे की कमी, आजीविका संबंधी समस्याएँ और जातीय संवेदनशीलताओं को प्राथमिकता दी जाएगी। शाह से अपेक्षा है कि वे समुदाय के नेताओं, राजनीतिक प्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ नियमित परामर्श करेंगे।
यह निर्णय उन विवादों को सुलझाने की नई राजनीतिक इच्छा को दर्शाता है, जो पहाड़ी और तलहटी क्षेत्रों में समय‑समय पर जीवन और आर्थिक गतिविधियों में बाधा बनते रहे हैं। सभी पक्षों से अनुरोध किया गया है कि वे नई गठित टास्क‑फ़ोर्स के साथ पूरी तरह सहयोग करें, ताकि कोई भी समाधान टिकाऊ और समावेशी हो।
विस्तृत रोडमैप अभी चर्चा में है, लेकिन अधिकारियों ने बताया कि इस पहल में पारदर्शी संवाद, डेटा‑आधारित योजना और सहमत उपायों का शीघ्र कार्यान्वयन प्राथमिकता होगी। HM शाह की नियुक्ति को क्षेत्र को स्थिर करने और दीर्घकालिक विकास को बढ़ावा देने के कदम के रूप में देखा जा रहा है।
इस पहल की निगरानी राज्य सरकारों और जनजाति एवं सीमा मामलों के केंद्रीय मंत्रालय द्वारा करीबी तौर पर की जाएगी, और प्रक्रिया के आगे बढ़ने पर समय‑समय पर अपडेट प्रदान किए जाएंगे।