📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / PP Yoonus
मौसम
जनमाष्टमी पर गंगा के उफान से पटना घाट डूबे, भारी बारिश ने बढ़ाई आपदा
✍️ News18
🗓 05 सित. 2026, 12:36 AM
👁 70
जनमाष्टमी के दिन भारी बारिश से गंगा का जलस्तर बढ़ा, पटना के कई घाट डूबे और राहत के तौर पर सामुदायिक रसोई खोली गई, आगे भी बारिश की संभावना है।
जनमाष्टमी के दिन भारी बारिश से गंगा का जलस्तर तेज़ी से बढ़ा, जिससे पटना के कई घाट डूब गए। जल स्तर इतना बढ़ गया कि घाटों की सीढ़ियों और निचले क्षेत्रों में पानी भर गया, जिससे दैनिक गतिविधियों में बाधा आई और निवासियों को ऊँचे स्थानों पर जाने को मजबूर होना पड़ा।
राज्य आपदा प्रबंधन इकाई ने प्रभावित परिवारों को भोजन उपलब्ध कराने के लिए कई राहत केंद्रों पर सामुदायिक रसोई स्थापित की। स्थानीय NGOs और नगर निगम के अधिकारी मिलकर भोजन पैकेट और आवश्यक सामान वितरित कर रहे हैं।
भारत मौसम विज्ञान विभाग ने अगले 48 घंटों में क्षेत्र में निरंतर वर्षा की चेतावनी जारी की है, क्योंकि एक लो‑प्रेशर सिस्टम इस क्षेत्र से गुजर रहा है। अधिकारियों ने नागरिकों से अनावश्यक यात्रा से बचने, आपातकालीन किट तैयार रखने और स्थानीय प्राधिकरणों के अपडेट पर नजर रखने का आग्रह किया है।
प्राथमिक जांच में यह पता चला है कि घाटों पर स्थित कुछ छोटे व्यापारों को क्षति हुई है, लेकिन अब तक कोई बड़ी हताहत रिपोर्ट नहीं हुई है। जल स्तर घटते ही सफाई कार्य शुरू होने की संभावना है, और नगर निगम प्रभावित बुनियादी ढाँचे की शीघ्र पुनर्स्थापना का वादा कर रहा है।
राज्य आपदा प्रबंधन इकाई ने प्रभावित परिवारों को भोजन उपलब्ध कराने के लिए कई राहत केंद्रों पर सामुदायिक रसोई स्थापित की। स्थानीय NGOs और नगर निगम के अधिकारी मिलकर भोजन पैकेट और आवश्यक सामान वितरित कर रहे हैं।
भारत मौसम विज्ञान विभाग ने अगले 48 घंटों में क्षेत्र में निरंतर वर्षा की चेतावनी जारी की है, क्योंकि एक लो‑प्रेशर सिस्टम इस क्षेत्र से गुजर रहा है। अधिकारियों ने नागरिकों से अनावश्यक यात्रा से बचने, आपातकालीन किट तैयार रखने और स्थानीय प्राधिकरणों के अपडेट पर नजर रखने का आग्रह किया है।
प्राथमिक जांच में यह पता चला है कि घाटों पर स्थित कुछ छोटे व्यापारों को क्षति हुई है, लेकिन अब तक कोई बड़ी हताहत रिपोर्ट नहीं हुई है। जल स्तर घटते ही सफाई कार्य शुरू होने की संभावना है, और नगर निगम प्रभावित बुनियादी ढाँचे की शीघ्र पुनर्स्थापना का वादा कर रहा है।