📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / UnpetitproleX
बिज़नेस
हरियाणा सरकार ने निजी बिजली वितरण को रोका, सुधार में बाधा
✍️ Business Standard
🗓 28 अक्टू. 2026, 02:03 AM
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हरियाणा सरकार ने निजी वितरण के प्रस्ताव को खारिज कर, राज्य के बिजली सुधार में बाधा उत्पन्न की।
हरियाणा सरकार ने बिजली सुधार योजना के एक महत्वपूर्ण भाग को खारिज कर दिया, जिसमें वितरण में निजी कंपनियों को शामिल करने का प्रस्ताव था। इस योजना का उद्देश्य ग्रिड को आधुनिकीकरण करना और आपूर्ति की विश्वसनीयता बढ़ाना था, जबकि राज्य ने उत्पादन और ट्रांसमिशन पर नियंत्रण बनाए रखा।
सरकार ने टैरिफ नियंत्रण, उपभोक्ता सुरक्षा और आवश्यक सेवाओं में सार्वजनिक क्षेत्र की प्रमुखता को लेकर चिंताएँ जताईं। निजी वितरण मॉडल के विरोध से यह स्पष्ट हुआ कि राज्य पूरी तरह से सार्वजनिक वितरण प्रणाली को ही प्राथमिकता देगा, जबकि पहले निजी निवेश को आकर्षित करने की उम्मीद की गई थी।
इस कदम से सुधार की समयसीमा में देरी होगी, जिससे हरियाणा में निवेशकों का भरोसा कम हो सकता है। उपभोक्ताओं को मौजूदा बिजली कटौती और उच्च वितरण हानियों जैसी समस्याओं का सामना जारी रह सकता है, जबकि राज्य को दक्षता लक्ष्यों को हासिल करने के लिए वैकल्पिक उपाय तलाशने पड़ेंगे।
सरकार ने टैरिफ नियंत्रण, उपभोक्ता सुरक्षा और आवश्यक सेवाओं में सार्वजनिक क्षेत्र की प्रमुखता को लेकर चिंताएँ जताईं। निजी वितरण मॉडल के विरोध से यह स्पष्ट हुआ कि राज्य पूरी तरह से सार्वजनिक वितरण प्रणाली को ही प्राथमिकता देगा, जबकि पहले निजी निवेश को आकर्षित करने की उम्मीद की गई थी।
इस कदम से सुधार की समयसीमा में देरी होगी, जिससे हरियाणा में निवेशकों का भरोसा कम हो सकता है। उपभोक्ताओं को मौजूदा बिजली कटौती और उच्च वितरण हानियों जैसी समस्याओं का सामना जारी रह सकता है, जबकि राज्य को दक्षता लक्ष्यों को हासिल करने के लिए वैकल्पिक उपाय तलाशने पड़ेंगे।