हजारीबाग की झील में नया फ्लोटिंग डेक का भव्य उद्घाटन, सांसद मनीष जायसवाल ने किया फीता काट
हजारीबाग जिले की प्रसिद्ध झील में 5 नवम्बर को नया फ्लोटिंग डेक उदघाटित हुआ, जिसमें 25 यात्रियों तक के लिये बैठने की सुविधा और अल्पाहार उपलब्ध है।
हजारीबाग जिले में पर्यटन संवर्धन की दिशा में जिला पर्यटन संवर्धन परिषद की पहल पर हजारीबाग की सुप्रसिद्ध झील में नवनिर्मित फ्लोटिंग डेक का आज 5 नवम्बर को भव्य उद्घाटन हुआ। इस अवसर पर सांसद मनीष जायसवाल ने फीता काटा और साथ ही विधायक, महापौर अरविंद राणा, उप‑महापौर अविनाश कुमार, डीसी हेमन्त सती, एसपी अमन कुमार, नगर आयुक्त ओम प्रकाश गुप्ता, डीएफओ मौन प्रकाश एवं सूरज कुमार, एसडीओ आदित्य पांडेय, प्रशिक्षु आईएएस सुश्री पूर्वा अग्रवाल, जिला योजना पदाधिकारी पंकज कुमार, जनसम्पर्क अधिकारी रोहित कुमार तथा अन्य पदाधिकारी और बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित रहे।
झील के प्राकृतिक सौंदर्य के बीच स्थापित यह फ्लोटिंग डेक पर्यटकों के लिये नया आकर्षण केन्द्र बनता है। डेक पर एक साथ अधिकतम पच्चीस (25) यात्रियों के लिये बैठने की व्यवस्था की गई है तथा अल्पाहार की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है, जिससे लोग जल के मनोहारी दृश्य के बीच आराम से समय बिता सकेंगे। डेक को सुंदर एवं आकर्षक कलाकृतियों से सजाया गया है, जो इसकी दृश्यात्मक आकर्षण को और बढ़ाता है।
उद्घाटन के दौरान स्थानीय लोगों और आम नागरिकों में इस नई सुविधा को लेकर विशेष उत्साह देखा गया। कई लोग इस अनूठी पर्यटन सुविधा का अनुभव लेने के लिये उत्सुकता से प्रतीक्षा कर रहे थे। जिला प्रशासन की इस पहल से हजारीबाग के पर्यटन को नई पहचान मिलने की आशा है और यह क्षेत्र को पर्यटन मानचित्र पर और अधिक आकर्षक बनाने में सहायक सिद्ध होगी।
झील के प्राकृतिक सौंदर्य के बीच स्थापित यह फ्लोटिंग डेक पर्यटकों के लिये नया आकर्षण केन्द्र बनता है। डेक पर एक साथ अधिकतम पच्चीस (25) यात्रियों के लिये बैठने की व्यवस्था की गई है तथा अल्पाहार की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है, जिससे लोग जल के मनोहारी दृश्य के बीच आराम से समय बिता सकेंगे। डेक को सुंदर एवं आकर्षक कलाकृतियों से सजाया गया है, जो इसकी दृश्यात्मक आकर्षण को और बढ़ाता है।
उद्घाटन के दौरान स्थानीय लोगों और आम नागरिकों में इस नई सुविधा को लेकर विशेष उत्साह देखा गया। कई लोग इस अनूठी पर्यटन सुविधा का अनुभव लेने के लिये उत्सुकता से प्रतीक्षा कर रहे थे। जिला प्रशासन की इस पहल से हजारीबाग के पर्यटन को नई पहचान मिलने की आशा है और यह क्षेत्र को पर्यटन मानचित्र पर और अधिक आकर्षक बनाने में सहायक सिद्ध होगी।