🔥 ट्रेंडिंग डैनियल वाल्डेनस्ट्रोम ने कहा: भारत को... रवि तेजा ने नई फिल्म 'थुलाभरम' का पहला... बिग बॉस टामिल सीज़न 10 के प्रतियोगियों... स्वरा भास्कर ने 'राइज़ एंड फॉल 2' पर भ... मौनी रॉय और अनुप्रिया गोयनका की 'बॉम्ब... ‘पैलासियो’ का आधिकारिक ट्रेलर जारी, जु...
12 अक्टू. 2026•
ગુજરાતી मराठी ਪੰਜਾਬੀ বাংলা
गुजरात ने औद्योगिक नीति के तहत तालुका वर्गीकरण में बदलाव किया
📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Asheshshah
बिज़नेस

गुजरात ने औद्योगिक नीति के तहत तालुका वर्गीकरण में बदलाव किया

✍️ The Times of India 🗓 12 अक्टू. 2026, 01:31 AM 👁 15
शेयर करें: 💬 WhatsApp 📘 Facebook 𝕏 Post

गुजरात सरकार ने अपने नवीनतम औद्योगिक नीति के तहत तालुका वर्गीकरण को अपडेट किया, जिससे प्रोत्साहन और विकास योजनाओं की पात्रता में बदलाव आया।

गुजरात सरकार ने अपने औद्योगिक नीति के तहत तालुका वर्गीकरण में बदलाव की घोषणा की है। इस पुनः वर्गीकरण का उद्देश्य स्थानीय प्रशासनिक इकाइयों को राज्य के विकास लक्ष्यों के साथ संरेखित करना है, ताकि निवेश संभावनाओं वाले क्षेत्रों को उचित प्रोत्साहन मिल सके।

नए ढाँचे में तालुकों को बुनियादी ढाँचे की तैयारी, उपलब्ध भूमि और मौजूदा औद्योगिक गतिविधियों जैसे मानदंडों के आधार पर विभिन्न स्तरों में विभाजित किया जाएगा। व्यवसायों को अब इस नई तालिका के अनुसार अपने प्रोजेक्ट के लिए मिलने वाले सब्सिडी, कर राहत और अन्य सुविधाओं का पता चल सकेगा।

सरकार का कहना है कि यह कदम अनुमोदन प्रक्रियाओं को सरल बनाएगा और कम विकसित क्षेत्रों में निजी निवेश को आकर्षित करेगा, साथ ही उन तालुकों को पुरस्कृत करेगा जिन्होंने पहले से ही औद्योगिक प्रदर्शन में मजबूती दिखाई है। विस्तृत वर्गीकरण चार्ट अगले सप्ताह विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर प्रकाशित किया जाएगा।

उद्योग संगठनों ने इस स्पष्टता का स्वागत किया है, क्योंकि डेटा‑आधारित वर्गीकरण से परियोजना योजना में अस्पष्टता कम होगी। राज्य की उम्मीद है कि संशोधित नीति से निर्माण क्षेत्र की उत्पादन क्षमता बढ़ेगी और गुजरात के विभिन्न जिलों में अतिरिक्त रोजगार सृजन होगा।
📲Get App