📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ramban123
राजनीति
सरकार ने जंतर मंतर विरोध के बीच तटस्थ स्थल पर वार्ता स्वीकार की
✍️ The Hindu
🗓 24 जुल. 2026, 07:11 AM
👁 2
सरकार ने आज जंतर मंतर में चल रहे सीजेपी विरोध के बीच तटस्थ स्थल पर वार्ता स्वीकार कर ली है, जबकि सीजेपी के नेता धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
सरकार ने आज जंतर मंतर में चल रहे सीजेपी विरोध के बीच तटस्थ स्थल पर वार्ता स्वीकार कर ली है, जैसा कि हिंदू समाचार पत्र ने बताया। यह निर्णय सीजेपी के शांतिपूर्ण प्रदर्शन के बीच आया है।
सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके के नेतृत्व में यह विरोध तब तक जारी रहेगा जब तक कि मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा नहीं हो जाता। सीजेपी ने सरकार से बैठक की मांग की है ताकि विरोध के मूल कारणों पर चर्चा हो सके।
वार्ता के लिए तटस्थ स्थल का अभी विवरण नहीं दिया गया है, परंतु सरकार ने पुष्टि की है कि यह दोनों पक्षों के लिए स्वीकार्य स्थान होगा। इस बैठक में सीजेपी द्वारा उठाए गए मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।
इस विरोध ने बड़ी भीड़ को आकर्षित किया है और इसे राष्ट्रीय मीडिया ने कवर किया है। सरकार की वार्ता स्वीकार करने की इच्छा इस चल रहे विवाद में एक महत्वपूर्ण मोड़ है।
सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके के नेतृत्व में यह विरोध तब तक जारी रहेगा जब तक कि मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा नहीं हो जाता। सीजेपी ने सरकार से बैठक की मांग की है ताकि विरोध के मूल कारणों पर चर्चा हो सके।
वार्ता के लिए तटस्थ स्थल का अभी विवरण नहीं दिया गया है, परंतु सरकार ने पुष्टि की है कि यह दोनों पक्षों के लिए स्वीकार्य स्थान होगा। इस बैठक में सीजेपी द्वारा उठाए गए मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।
इस विरोध ने बड़ी भीड़ को आकर्षित किया है और इसे राष्ट्रीय मीडिया ने कवर किया है। सरकार की वार्ता स्वीकार करने की इच्छा इस चल रहे विवाद में एक महत्वपूर्ण मोड़ है।